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टोल वसूली पर ग्रामीणों का फूटा गुस्सा

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गुरुग्राम/सोहना। गुुरुग्राम-सोहना हाईवे पर आसपास के ग्रामीणों से टोल वसूली पर लोग भड़क गए हैं। आसपास के गांवों से जुड़े लोगों ने इसके विरोध में पंचायत कर शासन, प्रशासन को पांच अप्रैल तक का अल्टीमेटम दिया है। तब तक इस पर कोई सहमति नहीं बनी तो छह अप्रैल को टोल पर किसी भी वाहन से वसूली नहीं करने दी जाएगी।
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पूर्व आईपीएस महाराज सिंह की अध्यक्षता में सोहना की अग्रवाल धर्मशाला में हुई पंचायत में आसपास के 20 गांवों के अलावा सोहना कस्बा से भी अनेक लोग मौजूद रहे। पंचायत में शामिल लोगों सत्तासीन दल के स्थानीय विधायक और सांसद एवं केंद्र में मंत्री पर क्षेत्र और लोगों के साथ जानबूझ कर सियासी भेदभाव का आरोप लगाया। आरोप है कि 10 किलोमीटर के दायरे के लोगों से महीने का 315 और इससे आगे के लोगों से 1550 रुपये पास के नाम पर वसूले जा रहे हैं, जो गलत है। पंचायत में 21 लोगों की एक अलग से कमेटी बनाई गई, जो आगे के आंदोलन की रूपरेखा तैयार करेगी।
महाराज सिंह ने कहा कि 6 मार्च को गांव घामडोज में टोल के विरोध में पंचायत की गई थी। जहां गठित की गई कमेटी के 50 लोग केंद्रीय राज्य मंत्री राव इंद्रजीत सिंह से मिले थे। उन्होंने आश्वासन दिया था की सोहना शहर वासियों व 20 किलोमीटर तक के क्षेत्रवासियों के लिए टोल में छूट दी जाएगी। पहलवान सतबीर खटाना ने कहा कि जिस तरह सभी टोल के आसपास 20 से 25 किलोमीटर के दायरे के लोगों का टोल माफ है तो सोहना क्षेत्र से यह वसूली क्यों की जा रही है। बुधवार से पहले सरकार के लोग कमेटी से मिले नहीं तो घामडोज टोल पर इलाके के लोग एकत्रित होकर धरना प्रदर्शन करेंगे। इस दौरान कोई भी घटना घटित होती है तो सरकार जिम्मेदार होगी।
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केंद्रीय मंत्री पर भेदभाव का आरोप
लोगों ने स्थानीय सांसद व केंद्रीय मंत्री राव इंद्रजीत सिंह पर क्षेत्र के साथ भेदभाव का आरोप लगाया है। सतबीर पहलवान ने कहा कि खेड़कीदौला टोल पर 25 किलोमीटर के दायरे के लोगों से वसूली नहीं होती, जबकि यहां अभी रोड का निर्माण भी पूरा नहीं हो पाया है। गुरुग्राम से सोहना के बीच के क्षेत्र के लोग तो एलिवेटेड रोड पर चढ़ेंगे ही नहीं, फिर उनसे भारी-भरकम वसूली क्यों की जा रही है। आधा किलोमीटर जाने के लिए भी लोगों को पैसा देना पड़ रहा है। अपने खेतों तक लोग अब पैसा देकर जाएंगे।
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