गुरुग्राम। विधायक सुधीर सिंगला ने गुरुग्राम की समस्याओं और अधिकारियों की लापरवाही को हरियाणा विधानसभा के मानसून सत्र में प्रमुखता से उठाया। उन्होंने जलभराव व जलनिकासी के कार्यों को लेकर कहा कि करोड़ों रुपये हर साल खर्च होते हैं तो फिर समस्याएं खत्म क्यों नहीं होती। विधायक ने विधानसभा अध्यक्ष के माध्यम से मुख्यमंत्री मनोहर लाल के समक्ष अपनी बात रखते हुए लापरवाह अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की।
उन्होंने ने कहा कि गुरुग्राम में बारिश के दौरान जलनिकासी का मुद्दा सबसे अहम है। इसके अलावा अवैध रेहड़ियों के कारण प्रभावित हो रही यातायात व्यवस्था, अतिक्रमण और सफाई का मुद्दा भी उठाया। जलभराव पर विधायक सुधीर सिंगला ने कहा कि गुरुग्राम में बारिश से पहले अधिकारी सब कुछ दुरुस्त होने (ऑल इज वेल) का दावा करते हैं। नालियों, नालों की सफाई की बात करते हैं लेकिन जब बारिश आती है तो हालात खराब हो जाते हैं।
हल्की बारिश में ही खुल जाती है पोल
विधायक ने कहा कि थोड़ी सी बारिश ही अधिकारियों के जलनिकासी के दावों की पोल खुल जाती है। इतना खर्च और दावों के बाद भी आखिर क्यों जलभराव होता है। इस पर संज्ञान लिया जाना चाहिए। अधिकारियों की लापरवाही के चलते जनता जनप्रतिनिधियों को कोसती है। उन्होंने विधानसभा अध्यक्ष के माध्यम से मुख्यमंत्री मनोहर लाल से आग्रह किया कि गुरुग्राम में अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाए।
सफाई व्यवस्था पर भी खड़े किए सवाल
विधायक ने शहर में सफाई व्यवस्था पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि सफाई पर भी करोड़ों का बजट हर साल खर्च होता है, लेकिन धरातल पर कोई ठोस बदलाव नजर नहीं आता। बिजली को लेकर भी विधायक ने सुधार करने की बात कही। उन्होंने कहा कि अधिकारियों के काम का मूल्यांकन होना चाहिए। किस अधिकारी के समय में कौन से काम हुए और उनमें क्या कमियां रही, इस बारे में भी संज्ञान लिया जाना चाहिए। दुनिया के पटल पर गुरुग्राम शहर का नाम है और यहां पर सुविधाओं के नाम पर जो गड़बड़ी हो रही है वह शहर के नाम को खराब करती है।