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स्कूलों के लिए कंप्यूटर आए, अफसरों के दफ्तर में लगवाएं

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स्कूलों के लिए कंप्यूटर आए
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अफसरों के दफ्तर में लगवाए
गाजियाबाद। सरकारी स्कूलों के कंप्यूटर सीडीओ दफ्तर और बीआरसी (ब्लॉक रिसोर्स सेंटर) और तहसील पर चल रहे हैं। जिन कंप्यूटर से विद्यार्थियों को तकनीकी ज्ञान दिया जाना था, वह सरकारी कार्यालयों की शोभा बढ़ा रहे हैं। डाटा एंट्री और चुनाव कार्य के लिए मंगाए गए कंप्यूटर स्कूलों को लौटाए नहीं गए। अब शिक्षक कंप्यूटर वापस लेने के लिए दफ्तरों के चक्कर काट रहे हैं।
केस-1
दो साल पहले सीडीओ दफ्तर गए कंप्यूटर गायब!
कंपोजिट विद्यालय भूड़गढ़ी में कंप्यूटर लैब में 10 कंप्यूटर में से अब सिर्फ दो मौजूद हैं। प्रधानाध्यापक मोहम्मद हनीफ ने बताया कि उन्होंने कुछ समय पहले ही विद्यालय का चार्ज लिया है। 12 दिसंबर 2019 को पांच कंप्यूटर सीडीओ दफ्तर गए थे। जबकि तीन कंप्यूटर बीआरसी कार्यालय भेजे गए हैं। पूर्व प्रधानाध्यापक ने बताया कि वह सीडीओ कार्यालय में कंप्यूटर लेने गए थे। उन्हें मोदीनगर तहसील भेज दिया गया। तहसील गए तो उन्हें विकास भवन में कंप्यूटर होने की जानकारी दी गई। कंप्यूटर कहां हैं, इसकी जानकारी नहीं है। खंड शिक्षा अधिकारी से बात करके कंप्यूटर की जानकारी की जाएगी। कंप्यूटर न होने के कारण बच्चों को तकनीकी शिक्षा नहीं मिल पा रही है।
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केस-2
चोरी हुए तीन कंप्यूटर
कंपोजिट विद्यालय कल्लूगढ़ी में रूर्बन योजना के तहत 10 कंप्यूटर की लैब बनाई गई थी। स्कूल में सात कंप्यूटर हैं। प्रधानाध्यापक दीपक शर्मा ने बताया कि तीन कंप्यूटर चोरी हो गए थे। इसकी रिपोर्ट मसूरी थाने में दर्ज करा दी गई थी। विद्यालय में कंप्यूटर की प्रशिक्षित शिक्षक भी नहीं हैं। एक शिक्षिका को चार्ज दिया है। वही बच्चों को कंप्यूटर की जानकारी दे रही हैं।
केस-3
बीआरसी पर काम कर रहे हैं स्कूल के कंप्यूटर
कंपोजिट विद्यालय उस्मानगढ़ी के दो कंप्यूटर ब्लॉक रिसोर्स सेंटर पर काम कर रहे हैं। विद्यालय में केवल आठ कंप्यूटर मौजूद हैं। विद्यालय की प्रधानाध्यापिका साबिहा ने बताया कि डाटा फीडिंग के लिए दो कंप्यूटर बीआरसी पर गए हैं। विद्यालय में एक शिक्षिका को कंप्यूटर का नोडल बनाया गया है। वह बच्चों को कंप्यूटर की शिक्षा देती हैं। उनकी अनुपस्थिति में एक अन्य शिक्षा को प्रशिक्षण दिलाया गया है। जो बच्चों को पढ़ाती हैं।
केस-4
रसोईघर में शोपीस बना कंप्यूटर
कंपोजिट विद्यालय रसूलपुर सिकरोड़ में एक कंप्यूटर रसोई के सामान के पास शोपीस बना हुआ है। इसके ऊपर नीचे बर्तन और गैस का चूल्हा रखा है। दो अन्य कंप्यूटर भी हैं, वह खराब हैं। ईंचार्ज प्रधानाध्यापक लुकमान अली ने बताया कि विद्यालय में कंप्यूटर के शिक्षक नहीं हैं।
- कई स्कूलों के बदल गए कंप्यूटर
कंप्यूटर लैब वाले स्कूल के शिक्षकों ने बताया कि डाटा फीडिंग, चुनाव व अन्य कार्य के लिए मंगाए गए कंप्यूटर आपस में बदल गए। किसी विद्यालय का कंप्यूटर कहीं तो किसी का दूसरे स्कूल में कंप्यूटर पहुंच गए। शिक्षकों ने बताया कि अधिकारियों से इस बारे में शिकायत की गई तो उन्होंने कहा कि काम सब एक जैसा ही करते हैं।
विभागीय रिपोर्ट में 30 कंप्यूटर गायब
बेसिक शिक्षा विभाग की रिपोर्ट में पंचायत चुनाव व अन्य कार्यों के लिए गए सरकारी स्कूलों के 30 कंप्यूटर गायब हैं, जिनके बारे में जानकारी नहीं मिल पा रही है। प्रशासनिक कार्य के लिए कंप्यूटर देने से इनकार नहीं कर सकते हैं। अब स्कूल अपने कंप्यूटर मांग रहे हैं।
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सीडीओ को बताएंगे समस्या
प्रशासनिक कार्य के लिए हमसे कंप्यूटर मांगे गए थे। कई स्कूलों की शिकायतें आई हैं कि उन्हें अभी तक कंप्यूटर वापस नहीं किए गए हैं। उन्हें कंप्यूटर देने के लिए घुमाया जा रहा है। बच्चों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है। सीडीओ से मिलकर समस्या बताएंगे।
बृजभूषण चौधरी, बीएसए
मामला मेरी जानकारी में नहीं है।
- राकेश कुमार सिंह, डीएम
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