एसएसपी ने किया अफसरों का बचाव, सांसद बोले- मुख्यमंत्री से करेंगे शिकायत
गाजियाबाद। मतगणना स्थल के अंदर मेयर आशा शर्मा, राज्यसभा सदस्य अनिल अग्रवाल को बिना पास के जाने से रोकने का मामला तूल पकड़ता जा रहा है। भाजपा नेताओं द्वारा एसपी यातायात और एएसपी पर आरोप लगाने के बाद एसएसपी पवन कुमार ने अपने अधिकारियों का बचाव किया है। उन्होंने भी पत्र जारी कर पूरे प्रकरण की जिम्मेदारी ली है। वहीं, राज्यसभा सदस्य अनिल अग्रवाल ने मामले की शिकायत मुख्यमंत्री से करने की बात कही है।
एसएसपी पवन कुमार ने जारी पत्र में कहा है कि एसपी यातायात रामानंद कुशवाहा और एएसपी आकाश पटेल ड्यूटी पर मौजूद थे। उन्होंने कहा कि मेरे द्वारा ही किसी भी व्यक्ति को बिना वैध पास के मतगणना स्थल पर जाने से रोकने का दायित्व सौंपा गया था। इसी के क्रम में बिना पास के जाने से रोका गया। इस पूरे प्रकरण में जिम्मेदारी मेरी है। इससे पहले महानगर अध्यक्ष संजीव शर्मा, मेयर आशा शर्मा और राज्यसभा सदस्य अनिल अग्रवाल ने पत्र जारी कर कहा था कि कुछ अधिकारी भाजपा की जीत को पचा नहीं पा रहे हैं। इस पत्र में एसपी यातायात और एएसपी आकाश पटेल का नाम लिखा गया था और एक बैंक्वेट हॉल में नेताओं को बैठाने की बात कही थी। पूरे प्रकरण में भाजपा नेता भी मुख्यमंत्री से शिकायत करने की बात कह रहे हैं।
आयोग के नियमों का किया पालन
मतगणना स्थल पर बिना पास के जाने से रोकने पर चुनाव आयोग के निर्देशों का ही पालन किया गया। आयोग के साफ निर्देश थे कि बिना पास के किसी को प्रवेश न दिया जाए।- रामानंद कुशवाहा, एसपी यातायात
मुख्यमंत्री से करेंगे मामले में शिकायत
मतगणना के दौरान हुई घटना की शिकायत मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से करेंगे। रविवार को मुख्यमंत्री से मुलाकात हुई थी, लेकिन उनकी व्यस्तता की वजह से इस प्रकरण में वार्ता नहीं हो पाई है। - अनिल अग्रवाल, राज्यसभा सदस्य
कार्यकर्ताओं का लेने जा रहे थे हालचाल
भाजपा महानगर अध्यक्ष संजीव शर्मा का कहना है कि मतगणना के दिन वह कार्यकर्ताओं के साथ गोविंदपुरम मंदिर में बैठे थे। उनका या फिर महापौर का मतगणना स्थल पर जाने का कोई इरादा नहीं था। पुलिस-प्रशासन ने हापुड़ रोड पर कृष्णा फार्म में कार्यकर्ताओं को बंधक बनाया हुआ था। उन्हें देखने जाने का अनुरोध किया गया था। उनके साथ पुलिस अधिकारियों के गलत व्यवहार पर कड़ी आपत्ति दर्ज कराई गई है।
ये था मामला
दस मार्च को विधानसभा चुनाव के नतीजे आने के साथ दोपहर बाद मेयर आशा शर्मा और राज्यसभा सदस्य मतगणना स्थल पर पहुंचे थे। मतगणना स्थल पर जाने को लेकर भाजपा नेताओं और पुलिस अधिकारियों के बीच विवाद हो गया था। मेयर आशा शर्मा, राज्यसभा सदस्य अनिल अग्रवाल चौकी में धरने पर बैठ गए थे।