फरीदाबाद। कोरोना संक्रमण के बढ़ते मामले स्वास्थ्य विभाग की चिंता बढ़ा रहे हैं। साथ ही टीकाकरण के प्रति लोगों का कम होता रुझान भी चिंता का कारण है। लोगों को यह समझना होगा कि कोविड से बचाव के लिए टीके की सफलता उत्सव से कम नहीं। ऐसे में इसका लाभ लेने के लिए भी लोगों में त्योहार जैसा जोश और उत्साह होना चाहिए।
शहर के लोगों ने टीकाकरण के प्रति लोगों की ध्यान आकर्षित करने के लिए जनता से टीकाकरण की अपील की है। इसमें ऐसे बच्चों को सर्वप्रथम टीकाकरण लाभ देने की अपील कि है जो टीके से अब तक वंचित रहे। बीते कुछ दिनों में टीकाकरण के प्रति प्रयास तेज हुए हैं। हालांकि बावजूद इसके तय लक्ष्य का टीकाकरण का काम बेहद धीमा है। इसमें ग्रामीण क्षेत्र ज्यादा पिछड़े हैं। जिले में औसतन 3500 लोगों का टीकाकरण जारी है। इसमें करीब तीन हजार लोगों का टीकाकरण शहरी केंद्रों में हो रहा है। इसी तरह 12 से 14 के आयु वर्ग में 61 हजार ने टीकाकरण कराया। इस वर्ग में टीकाकरण का लक्ष्य 81 हजार के पार है। ऐसे में बीते दो माह में टीकाकरण का दो तिहाई लक्ष्य ही हासिल हो सका है। इसी तरह एहतियाती खुराक के लिए जिले में मात्र 48 हजार लोगों ने टीकाकरण कराया है। जबकि जिले की 21 लाख से अधिक आबादी इसके योग्य है।
राजनेताओं की प्राथमिकता समय के अनुसार बदल जाती है लेकिन जनता के लिए स्वास्थ्य सेवाएं हमेशा ही प्राथमिकता होती हैं। इसलिए जरूरी है कि टीकाकरण पर ध्यान दें। एहतियातन खुराक जरूर लें। साथ ही ऐसे बच्चों का टीकाकरण अवश्य कराएं जिसे सरकार की ओर से टीकाकरण के लिए मंजूरी मिल गई है।
- नीरज शर्मा, विधायक एनआईटी
टीकाकरण के प्रति लापरवाही भारी पड़ सकती है। कॉलेज में यह सुनिश्चित किया है कि सभी छात्र न सिर्फ दोनों खुराक ले चुके हों बल्कि तीसरी खुराक भी समय अनुसार लें। कॉलेज में इसके लिए समय समय पर जागरूकता अभियान के साथ ही टीकाकरण शिविर लगाए जा रहे हैं। रैली का आयोजन कर अन्य लोगों को भी टीकाकरण के लिए आगे आने की अपील करेंगे।
- डॉ एमके गुप्ता, प्राचार्य, राजकीय कॉलेज
टीकाकरण कोविड सुरक्षा उत्सव है। इसे त्योहार की तरह मनाते रहें। इसके लिए उत्साह कम होना चिंता का कारण बन सकता है। जरूरी है कि युवा, बुजुर्ग के बाद बच्चों के लिए टीकाकरण की मंजूरी को सकारात्मक परिणाम के साथ पूरा करें। टीकाकरण के लिए लोग आगे आएं।
- डॉ. विनय गुप्ता, मुख्य चिकित्सा अधिकारी