फरीदाबाद। नगर निगम की खोरी गांव के बाद एक बार फिर एनआईटी और बड़खल क्षेत्र में बने अवैध निर्माणों के खिलाफ तोड़फोड़ की तैयारी है। इसके लिए निगम ने 12 अगस्त को कार्रवाई के लिए प्रशासन से पुलिस फोर्स की मांग की है। इसको लेकर सोमवार को बैठक होगी।
एसआईटी ने हाल ही में बड़खल और एनआईटी के एनएच-एक, दो, तीन, पांच, नीलम-बाटा रोड, रेलवे रोड और केसी रोड आदि इलाकों में बने 100 से अधिक भवनों को अवैध निर्माण के तहत पाया है। इन मामलों में कोर्ट भी आदेश दे चुकी है। कोर्ट के आदेश पर अब इन अवैध निर्माणों पर कार्रवाई होगी। इसके साथ ही जिन अधिकारियों के समय में निर्माण कार्य हुए, उन पर कार्रवाई हो सकती है।
पिछले दिनों हरियाणा सरकार की गठित एसआईटी ने कुछ मामलों की जांच की तो पाया कि अधिकांश अवैध निर्माण और अतिक्रमण या अवैध कब्जे नगर निगम के कर्मचारियों व अधिकारियों की मिलीभगत से किए गए हैं। इसमें कई जेई और एसडीओ की भूमिका संदिग्ध पाई गई है।
शहर के एनआईटी और बड़खल विधानसभा क्षेत्र के कई इलाकों में हुए अवैध निर्माण को लेकर लोकायुक्त की शिकायत पर गठित एसआईटी ने अपनी जांच पूरी कर ली है। इस रिपोर्ट में कई निचले अधिकारियों जेई व एसडीओ की भूमिका संदिग्ध है। पुनर्वास विभाग और नगर निगम की जमीन पर अवैध निर्माण किए गए हैं। सरकार ने जांच के लिए एसआईटी का गठन किया था। इसमें संयुक्त आयुक्त भी शामिल थे।
अवैध निर्माणों पर कार्रवाई की तैयारी की गई है। प्रशासन से पुलिस फोर्स की मांग की गई है। लोगों से अपील है कि निगम की तोड़फोड़ कार्रवाई से पहले अवैध निर्माण खुद ही हटा लें, नहीं तो तोड़ दिया जाएगा।
- यशपाल यादव, आयुक्त नगर निगम