फर्जी कॉल सेंटर चलाते थे आरोपी
पूछताछ में सामने आया कि आरोपी दिल्ली स्थित शाहदरा में एक फर्जी कॉल सेंटर चलाते थे। एक वेबसाइट के माध्यम से नौकरी की तलाश कर रहे व्यक्ति की जानकारी एकत्रित करते थे। इसके बाद व्यक्ति से संपर्क कर उन्हें एयरलाइन कंपनी एयर एशिया में बहुत अच्छा सैलरी पैकेज का लालच देते थे। झांसे में आने के बाद फिल्मी अंदाज में नौकरी की तलाश कर रहे व्यक्ति का इंटरव्यू लिया जाता था। आरोपी बताते हैं कि उनका चयन हो गया है। इसके बाद एयर एशिया का फर्जी ऑफर लेटर तैयार कर कोरियर के माध्यम से व्यक्ति के घर पहुंचा देते थे। ऑफर लेटर मिलने के बाद व्यक्ति को यकीन हो जाता था कि एयरलाइन कंपनी एयर एशिया में उसकी नौकरी लग गई है। आरोपी पंजीकरण फीस, सिक्योरिटी चार्ज, मेडिकल चार्ज और ट्रेनिंग करवाने के नाम पर अलग-अलग बहानों से पैसे मांगते रहते थे। खातों में ट्रांसफर होने के बाद मोबाइल बंद कर लेते थे।
आपस में बंटा हुआ था सभी का काम
पूछताछ के दौरान आरोपियों ने बताया कि उन्होंने सभी का काम आपस में बांट रखा था। मोहम्मद फईम इस वारदात का मुख्य आरोपी है और कॉल सेंटर का मालिक भी। आरोपी शहबाज और ललित फर्जी बैंक खाता तथा सिम उपलब्ध करवाता था। मुतीब तथा फैयाज कॉल सेंटर में कॉल, ई-मेल तथा कंपनी का फर्जी नियुक्ति पत्र बनाने और भेजने का काम करते थे। आरोपियों के कब्जे से एक कंप्यूटर, एक लैपटॉप, दो मोबाइल, एक चेक बुक तथा 3 लाख 97 हजार रुपये बरामद हुए हैं।
उत्तर प्रदेश में सबसे अधिक वारदात
आरोपियों से बरामद मोबाइल की जांच में सामने आया कि आरोपी देशभर में साइबर ठगी की 335 वारदात को अंजाम दे चुके हैं। उत्तर प्रदेश में सबसे अधिक 118, राजस्थान में 33, तेलंगाना में 33, गुजरात में 27, दिल्ली में 24 तथा केरला की 19 मुख्य वारदात शामिल हैं। आरोपी हरियाणा में भी साइबर ठगी की 8 वारदात को अंजाम दे चुके हैं। पूछताछ के बाद सभी को अदालत में पेश कर जेल भेज दिया गया।