दक्षिण-पूर्व जिला पुलिस अधिकारियों के अनुसार कॉल सेंटर से काफी डायरियां मिली हैं। इन डायरियों में पीड़ित के नाम, मोबाइल नंबर व पत्ते लिखे हैं। डायरियों को देखने से पता चल रहा है कि आरोपी एक हजार से ज्यादा लोगों से ठगी कर चुके हैं। कॉल सेंटर एक वर्ष से चल रहा था। आरोपी कॉल सेंटर की जगह एक से दो महीनों में बदल लेते थे। इनके पास से आठ छोटे फीचर फोन, दो एंड्रायड मोबाइल, एक आई फोन, 45 सिम, दो लैपटॉप, छह डायरी और एक मोडम बरामद किया गया है।
ऐसे करते थे ठगी
आरोपी पीड़ितों को फोन करते समय खुद को बैंककर्मी बताते थे। ये पीड़ित को कहते थे कि वह बैंक से बोल रहे हैं और बैंक ने उनके क्रेडिट कार्ड की लिमिट बढ़ाने का फैसला किया है। पीड़ित झांसे में आकर हां कर देता था और पीड़ित अपने क्रेडिट कार्ड का नंबर आरोपी को बता देते थे। इसके बाद आरोपी पीड़ित को कहता था कि एक ओटीपी आएगा। पीड़ित आरोपी को ओटीपी बता देता। इसके बाद पीड़ित के बैंक खाते से पैसे कट जाते थे।