भाजपा छोड़कर कांग्रेस में शामिल हुए पूर्व कैबिनेट मंत्री यशपाल आर्य ने मंत्रिमंडल से हटाए जाने के कुछ घंटों बाद ही सरकारी बंगला खाली कर दिया है। यशपाल आर्य को देहरादून की यमुना कॉलोनी में सरकारी आवास आर-5 आवंटित किया गया था। आर्य ने बुधवार को सरकारी बंगले से अपना सामान शिफ्ट कर लिया। बंगला खाली करने की कार्रवाई मंगलवार शाम को ही शुरू हो गई थी।
बुधवार को बंगले को पूरी तरह से खाली करते हुए राज्य संपत्ति विभाग को सूचित कर दिया गया है। इस संबंध में यशपाल आर्य ने बताया कि उन्होंने कैबिनेट सहित विधानसभा की सदस्यता से भी इस्तीफा दे दिया है। नैतिकता के आधार पर उन्होंने नोटिया इत्यादि की कार्रवाई से पहले ही बंगला खाली कर दिया है। वह डिफेंस कॉलोनी स्थित आवास में शिफ्ट हो गए हैं।
यशपाल और संजीव के सम्मान में 18 को होगा कार्यक्रम
कांग्रेस में वापस लौटे यशपाल आर्य और उनके विधायक बेटे संजीव आर्य का हल्द्वानी के रामलीला मैदान में भव्य स्वागत करने की तैयारी चल रही है। 18 अक्तूबर को रामलीला मैदान में स्वागत समारोह आयोजित किया जाएगा।
महानगर अध्यक्ष राहुल छिमवाल ने बताया कि कार्यक्रम में कुमाऊं और गढ़वाल के विभिन्न इलाकों से करीब 10 हजार लोगों के जुटने की संभावना है। स्वागत समारोह में प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल भी पहुंचेंगे। उनके आने की सूचना प्रदेश कांग्रेस कमेटी से मिल गई है। उन्होंने कहा कि 18 को पूर्व मुख्यमंत्री एनडी तिवारी का जन्मदिन भी है लिहाजा इस कार्यक्रम की महत्ता और बढ़ गई है।
कांग्रेस में वापसी के बाद यशपाल आर्य बुधवार सुबह हल्द्वानी छड़ायल स्थित अपने आवास पर पहुंचे। हालांकि उन्होंने आम कार्यकर्ताओं से मिलने से परहेज किया। कांग्रेस के चुनिंदा और यशपाल के कुछ खास चहेते ही उनके आवास पर मिलने पहुंचे। चर्चा है कि यशपाल बृहस्पतिवार को कांग्रेस के आम कार्यकर्ताओं से मिलेंगे।
चर्चा है कि सुबह यशपाल आर्य ने पहुंचने की जानकारी जिलाध्यक्ष सतीश नैनवाल, महानगर अध्यक्ष राहुल छिमवाल, कांग्रेस प्रचार समिति के प्रदेश अध्यक्ष सुमित हृदयेश और कांग्रेस प्रदेश सचिव महेश शर्मा तक ही सीमित रखी गई।
बताया जा रहा है कि यह चारों नेता सुबह ही यशपाल आर्य के आवास पर पहुंच गए और उन्होंने विभिन्न मसलों और यशपाल व संजीव आर्य के पार्टी में शामिल होने को लेकर कांग्रेस के भीतर और विपक्षियों में चल रही प्रतिक्रियाओं की पूरी जानकारी दी।