श्रीनगर वन विभाग ने लोगों को गुलदार के आतंक से बचाने के लिए पिंजरे लगाए और लोग उन्हीं पिंजरों को लेकर गायब हो गए। अब वन विभाग पसोपेश में है कि गुलदार से निपटे या पिंजरा चोरों से। अब तक दो पिंजरे चोरी हो चुके हैं।
गढ़वाल वन प्रभाग के नागदेव रेंज में 6 पिंजरे थे। इस रेंज में पौड़ी जिले के 5 ब्लॉक (पौड़ी, खिर्सू, पाबौं, कोट व कल्जीखाल) सहित रिजर्व फॉरेस्ट का करीब साढ़े 6 हजार हेक्टेयर क्षेत्र शामिल है। वर्तमान में विभाग ने दो पिंजरे श्रीनगर और एक पिंजरा कठूड़ में लगाया हुआ है। दो पिंजरे रिजर्व रखे हुए हैं। वहीं पांच दिन पूर्व व्यासचट्टी क्षेत्र में लगाया गया पिंजरा गायब हो गया है।
वहीं सात माह पूर्व श्रीनगर मेें एसएसबी सीटीसी के समीप लगाया गया पिंजरा भी गायब हो चुका है। तब तत्कालीन डिप्टी रेंजर ने अपने पैसों से नया पिंजरा बनवाया था। वन क्षेत्राधिकारी अनिल भट्ट का कहना है कि व्यासचट्टी में पिंजरा चोरी की प्राथमिकी दर्ज कराई गई है। पिंजरों की जरूरत पड़ती रहती है। पिंजरे चोरी होते रहेंगे तो किसी घटना के होने पर तत्काल पिंजरा लगाना मुश्किल हो जाएगा।