गंगोत्री नेशलन पार्क प्रशासन गरतांग गली की यात्रा को सुरक्षित और अधिक रोमांचकारी बनाने जा रहा है। इसके लिए यहां पर्यटकों को सुरक्षा मुहैय्या कराने के साथ ही कुछ अन्य सुविधाएं भी उपलब्ध कराई जाएगी। पार्क प्रशासन ने यहां निर्माण कार्य करने से पूर्व नेहरू पर्वतारोहण संस्थान (निम) को सुरक्षात्मक व्यवस्थाओं की समीक्षा करने को कहा था। निम के अधिकारियों का कहना है कि रिपोर्ट पार्क प्रशासन को भेजी जा रही है।
गरतांग गली में पर्यटकों की आवाजाही देखकर कर गंगोत्री पार्क प्रशासन इसे और सुरक्षित और रोमांचकारी बनाने जा रहा है। पार्क प्रशासन का कहना है कि ट्रेक को और अधिक सुविधा जनक बनाया जाएगा। इसके अलावा यहां सुरक्षात्मक कार्य भी किए जाएंगे। निर्माण कार्य कैसे होंगे, अभी सुरक्षा व्यवस्थाओं की क्या स्थिति है। इस सब की समीक्षा करने के लिए निम को कहा गया था। निम की रिपोर्ट के बाद कार्रवाई की जाएगी।
वहीं निम के अधिकारियों का कहना है कि सुरक्षात्मक समीक्षा कार्य पूर्ण कर लिया है, जिसकी फाइनल रिपोर्ट पार्क प्रशासन को भेजी जा रही है। वन क्षेत्राधिकारी प्रताप सिंह ने बताया कि पार्क प्रशासन गरतांग गली ट्रेक के समाप्ति छोर से करीब दो किमी आगे जाड़ गंगा पर झूला पुल बनाने पर विचार कर रहा है। पूर्व में कभी यहां पर लकड़ी का पुल था, जिसके अवशेष आज भी हैं। पुल बनने से गरतांग गली से नेलांग घाटी वाले मोटर मार्ग से संपर्क होगा।
ये सुविधाएं मिलेंगी
-ट्रेक के समीप हेलीपैड के लिए भी निम ने स्थान चयनित किया है। कोई दुर्घटना होने पर हेली से रेस्क्यू किया जाएगा।
- ट्रेक पर शौचालय, डस्टबिन व बैठने के लिए बैंच व छतरी लगाई जानी है।
-कुछ खतरनाक स्थानों पर रेलिंग लगाई जानी है।
हमारी टीम ने यहां सुरक्षात्मक व्यवस्थाओं की समीक्षा करने के साथ ही अन्य सुविधाओं की समीक्षा भी की है। रिपोर्ट तैयार कर ली गई है। फाइनल टच देने के बाद इसे जल्द पार्क प्रशासन को भेज दिया जाएगा।
-कर्नल अमित बिष्ट, प्रधानाचार्य, निम ।
गरतांग गली में सुरक्षात्मक सुविधाओं की समीक्षा के लिए निम को कहा गया है। जाड़ गंगा पर पुल के इस्टीमेट के लिए लोनिवि से पत्राचार किया गया है। यात्रा को और अधिक सुरक्षित व रोमांचकारी बनाए जाने का प्रयास किया जा रहा है।
-प्रताप पंवार, वन क्षेत्राधिकारी, गंगोत्री नेशनल पार्क।