ऐसा न करने वालों के खिलाफ कार्रवाई करने की भी चेतावनी दे दी गई है। नोटिस में स्पष्ट किया गया कि नियत तिथि तक आवास खाली नहीं करने पर कर्मचारियों की बेदखली की कार्रवाई की जाएगी। साथ ही बाजार दर पर किराया भी वसूला जाएगा। विधानसभा से उनकी बर्खास्तगी के तीन माह छोड़कर बाकी अवधि का किराया बाजार दर पर देना होगा।
सभी बर्खास्त कर्मचारियों को अलग-अलग नोटिस जारी किए गए हैं। गौरतलब है कि नियम विरुद्ध भर्ती का प्रकरण सामने आने के बाद विधानसभा अध्यक्ष ऋतु खंडूड़ी भूषण ने 228 से ज्यादा कर्मचारियों को बर्खास्त करने के निर्देश दिए थे। यह वह कर्मचारी थे जिनकी नियुक्ति 2016 से 2021 तक तदर्थ पर की गई थी।