इससे पूर्व, प्रदेश प्रभारी देवेंद्र यादव ने राष्ट्रीय अध्यक्ष सोनिया गांधी व पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी के प्रति धन्यवाद प्रस्ताव रखकर व सभी के हाथ खड़े करवा कर उसे पारित करवाया। कहा कि पार्टी हाईकमान ने राज्य को वर्ष 2022 के विधानसभा चुनावों के लिए एक अनुभव व युवा जोश से भरी टीम दी है। उन्होंने कहा कि गणेश गोदियाल व प्रीतम सिंह की जोड़ी और हरीश रावत के अनुभव का लाभ पार्टी को मिलेगा। चुनाव के लिए जो तमाम कमेटियां बनाई गई हैं, उनमें अनुभव के साथ-साथ वरिष्ठता व क्षेत्रीय संतुलन भी पार्टी नेतृत्व ने बनाया है। उन्होंने कहा कि पार्टी सामूहिक नेतृत्व में चुनाव लड़ेगी व जीतेगी।
सत्ता में आए तो हिमाचल से बेहतर भू कानून बनाएंगे: हरीश रावत
पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने अपनी सरकार की तमाम योजनाओं का जिक्र करते भाजपा सरकार को घेरा। कहा सत्ताधारी भाजपा सरकार ने उनके कार्यकाल में शुरू की गई तमाम कल्याणकारी योजनाओं पर विराम लगाकर राज्य के लोगों के साथ छलावा किया है। भू-कानून पर राज्य में छिड़ी बहस के बीच हरीश ने फिर दोहराया कि सत्ता में आते ही कांग्रेस हिमाचल से भी बेहतर भू-कानून लेकर आएगी। मुफ्त बिजली के मामले में हरीश रावत ने कहा कि अगर दिल्ली जितनी आमदनी या बजट उत्तराखंड का हो जाए तो हम 100 या 200 नहीं चार सौ यूनिट बिजली मुफ्त दे देंगे।
हम सड़कों पर जाकर मुद्दों के लिए लड़ेंगे: प्रीतम
नेता प्रतिपक्ष प्रीतम सिंह ने कहा कि उन्होंने चार वर्ष पूरी निष्ठा के साथ प्रदेश अध्यक्ष की भूमिका का निर्वहन किया है। अब उन्हें जो नई जिम्मेदारी पार्टी की ओर से दी गई है, उसे भी वह पूरी निष्ठा और लगन के साथ निभाएंगे। सदन की अवधि अब कम बची है, हम चाहकर भी जनता के सभी मुद्दों को नहीं उठा सकते, लेकिन सड़क का ऑप्शन अभी खुला है। अब सड़कों पर जाकर जनता के हितों के मुद्दों को लेकर लडेंगे। उन्होंने विश्वास जताया कि प्रदेश कांग्रेस टीम एक बेहतर तालमेल के साथ काम करेगी और वर्ष 2022 के चुनाव में जीत हासिल कर सत्ता में वापसी करेगी।
इन्होंने भी किया संबोधित
इससे पूर्व पार्टी सह प्रभारी राजेश धर्माणी, दीपिका पांडे, कार्यकारी प्रदेश अध्यक्ष प्रो. जीत राम, तिलक राज बेहड़, रंतीत रावत, भुवन कापड़ी, राज्यसभा सांसद प्रदीप टम्टा, दिनेश अग्रवाल, पूर्व अध्यक्ष किशोर उपाध्याय आदि ने भी सभा को संबोधित किया। सभा का संचालन वरिष्ठ कांग्रेस नेता जोत सिंह बिष्ट और मथुरा दत्त जोशी ने किया।
कांग्रेस भवन में आयोजित कार्यक्रम के दौरान बाहर खड़े कार्यकर्ता आपस में किसी बात को लेकर उलझ गए। इस समय हरीश रावत मंच से भाषण दे रहे थे। मौके पर मौजूद पुलिस बल ने बात बढ़ने से पहले मामले को सुलझा लिया। पुलिस ने डांट डपटकर कार्यकर्ताओं को तितर-बितर किया। नेता प्रतिपक्ष प्रीतम सिंह के भाषण के दौरान और पहले बार-बार हरीश रावत जिंदाबाद के नारों ने प्रीतम सिंह असहज नजर आए। उन्होंने अपने भाषण में बकायदा इस बात का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि अगर नारे ही लगाने हैं तो पहले कांग्रेस को सत्ता में लाए, फिर कांग्रेस जिंदाबाद के नारे लगाएं।
बारिश कार्यक्रम में खलल न डाले, इसलिए वाटरप्रूफ टैंट लगाया गया था। लेकिन इसके चलते पांडल के भीतर भंयकर उमस हो गई। पांडल में कुछ पंखे लगाए गए थे, लेकिन वे नाकाफी थे। कुछ लोग राहत पाने के लिए कांग्रेस भवन में बने कमरों की ओर गए तो वहां भी बिजली कट के चलते पंखे नहीं चल रहे थे। लाइट भी बंद थी। ऐसे में लोगों को भारी उमस और गर्मी के बीच पसीने से तरबतर होना पड़ा।
प्रीतम का आशीर्वाद न ले पाऊं तो मेरी विफलता
नव नियुक्त प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल ने अपने भाषण के दौरान कहा कि पत्रकार उनसे पार्टी एकता की बात पूछते हैं, उन्होंने कहा कि मैं सबसे छोटा कार्यकर्ता हूं, सभी बड़ों का आशीर्वाद मुझे चाहिए। बड़े भाई प्रीतम सिंह अगर मेरे सिर पर हाथ न रखें तो ये मेरी ही विफलता होगी। इस दौरान उन्होंने अपने बचपन से लेकर जीवन के तमाम संघर्षों का जिक्र कर कार्यकर्ताओं में जोश भरा।
ये रहे मौजूद
गोविंद सिंह कुंजवाल, हरीश धामी, मातवर सिंह कंडारी, किशोर उपाध्याय, तिलक राज बेहड़, ब्रह्म स्वरूप ब्रह्मचारी, करण माहरा, महेंद्र सिंह माहरा, काजी निजामुद्दीन, आर्येद्रं शर्मा, दिनेश अग्रवाल, सुरेंद्र सिंह नेगी, राजकुमार, हीरा सिंह बिष्ट, मंत्री प्रसाद नैथानी, राजेंद्र भंडारी, धीरेंद्र प्रताप, सूर्यकांत धस्माना, नवीन जोशी, गरिमा दसौनी, मनीष कुमार, रमेश उनियाल, पीके अग्रवाल आदि प्रमुख रूप से मौजूद रहे।
प्रदेश अध्यक्ष बुधवार को प्रभारी के साथ रखेंगे अपना रोडमैप
नव नियुक्त प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल बुधवार को पार्टी प्रदेश प्रभारी के साथ मिलकर एक संयुक्त प्रेस वार्ता का आयोजन कर अपनी भावी रणनीति को पत्रकारों के सम्मुख रखेंगे। यह जानकारी मीडिया प्रभारी राजीव महर्षि ने दी।
शहीद आंदोलनकारियों को दी श्रद्धाजंलि
कांग्रेस मुख्यालय में कार्यग्रहण करने के बाद गणेश गोदियाल कचहरी स्थित शहीद स्मारक पहुंचे, जहां उन्होंने उत्तराखंड राज्य आंदोलनकारियों को श्रद्धाजंलि अर्पित की। इस दौरान प्रभारी देवेंद्र यादव, पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत आदि उनके साथ थे।