गंगोत्री सीट पर वर्ष 2017 के चुनाव में गोपाल सिंह रावत ने चुनाव जीता था। कुछ माह पहले उनका निधन हो गया था। इस सीट पर भाजपा से कौन चुनाव लड़ेगा यह तय नहीं है, लेकिन चुनाव लड़ने के लिए भाजपा के पास एक दर्जन से अधिक दावेदारों के नाम सामने आ चुके हैं। जिसमें स्व.गोपाल सिंह रावत की धर्मपत्नी भी शामिल हैं।
वहीं, कांग्रेस के टिकट पर पूर्व विधायक विजयपाल सजवाण ही चुनाव लड़ते आए हैं। दो बार इस सीट से विधायक भी रहे। अभी तक उन्हें ही कांग्रेस का संभावित प्रत्याशी माना जा रहा है।
चला आ रहा है यह मिथक
उत्तरकाशी जिले के गंगोत्री विधानसभा सीट को लेकर भी एक मिथक चला आ रहा है। यहां से जिस पार्टी का विधायक चुनाव जीतता है, उसकी पार्टी की ही सरकार बनती है। उत्तराखंड राज्य गठन के बाद 2002 में पहला विधानसभा चुनाव हुआ। गंगोत्री सीट से कांग्रेस प्रत्याशी विजयपाल सजवाण ने जीत हासिल की और सरकार कांग्रेस की बनी।
2007 में भाजपा प्रत्याशी गोपाल सिंह रावत ने चुनाव जीता और भाजपा सत्ता में आई। 2012 में फिर विजयपाल सजवाण ने कांग्रेस टिकट पर चुनाव जीता। प्रदेश में कांग्रेस की सरकार बनी। 2017 के चुनाव में भाजपा प्रत्याशी गोपाल सिंह रावत ने चुनाव जीता और भाजपा सत्ता में आई।