विधानसभा चुनाव के लिए मैदान में उतर चुकी मुख्य विपक्षी पार्टी कांग्रेस तीन सितंबर को खटीमा से परिवर्तन यात्रा का आगाज करेगी। कांग्रेस की इस यात्रा के जवाब में भाजपा ने भी दो जन आशीर्वाद रैली करने का फैसला किया है। तीन सितंबर को कांग्रेसी खटीमा में गरजेंगे तो भाजपाई श्रीनगर गढ़वाल में हुंकार भरेंगे।
कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल के चुनाव क्षेत्र श्रीनगर गढ़वाल में भाजपा भव्य जन आशीर्वाद रैली करेगी। इस रैली में रक्षा राज्यमंत्री अजय भट्ट, मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी, प्रदेश अध्यक्ष मदन कौशिक, सरकार के कई मंत्री, पार्टी के पदाधिकारियों के अलावा पौड़ी जिले की तकरीबन सभी विधानसभाओं से पार्टी के कार्यकर्ता शामिल होंगे। जन आशीर्वाद के जरिये भाजपा अपने गढ़ में हुंकार भरेगी। रैली को सफल बनाने के लिए क्षेत्रीय विधायक व कैबिनेट मंत्री डॉ. धन सिंह रावत और संगठन के रणनीतिकार जुट गए हैं।
इसके बाद पार्टी छह सितंबर को अल्मोड़ा में जन आशीर्वाद रैली का आयोजन करेगी। इस रैली में भी जिले की सभी विधानसभाओं के कार्यकर्ता शामिल होंगे। अल्मोड़ा रक्षा व पर्यटन राज्यमंत्री अजय भट्ट का गृह जिला है। इस रैली में भी मुख्यमंत्री व प्रदेश अध्यक्ष शामिल होंगे।
पार्टी तीन सितंबर को श्रीनगर गढ़वाल में जन आशीर्वाद रैली का आयोजन करेगी। दूसरी रैली अल्मोड़ा जिले में भी होगी। रैली के माध्यम से पार्टी जनता का आशीर्वाद लेगी। साथ ही पीएम नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में राष्ट्रीय और राज्य के विकास में मिल रहे अभूतपूर्व योगदान को जनता से साझा किया जाएगा।
- मदन कौशिक, प्रदेश अध्यक्ष, भाजपा
भाजपा भी निकालेगी यात्रा
जन आशीर्वाद रैली के आयोजन के बाद भाजपा सितंबर के दूसरे पखवाड़े में रैली का आयोजन कर सकती है। पार्टी के प्रदेश महामंत्री कुलदीप कुमार ने कहा कि श्रीनगर और अल्मोड़ा में रैली के बाद पार्टी यात्रा निकालेगी।
प्रदेश कांग्रेस उपाध्यक्षों के कमरे में गुटबाजी का ताला
प्रदेश कांग्रेस कमेटी के राजपुर रोड स्थित मुख्यालय भवन के एक कमरे में लगा ताला इन दिनों चर्चा का विषय बना हुआ है। बताया जा रहा है कि यह कमरा प्रदेश उपाध्यक्षों को आवंटित किया गया था, लेकिन इस पर फिलहाल ताला लगा दिया गया। ताले की वजह पार्टी के भीतर की गुटबाजी मानी जा रही है। मामला प्रदेश अध्यक्ष और पार्टी प्रदेश प्रभारी तक भी पहुंचा है।
कौन देख रहा पार्टी संगठन की जिम्मेदारी
कांग्रेस में संगठन का काम कौन देख रहा है। इस पर भी कांग्रेस के भीतर ही तमाम तरह की चर्चाएं हैं। प्रदेश अध्यक्ष रहते हुए प्रीतम सिंह ने विजय सारस्वत को महामंत्री संगठन की जिम्मेदारी सौंपी थी। इसके बाद पिछले दिनों अध्यक्ष पद को लेकर हुए घमासान के बीच पार्टी हाईकमान की ओर से अध्यक्ष के साथ चार कार्यकारी अध्यक्षों की भी नियुक्ति की गई। इनमें से एक कार्यकारी अध्यक्ष भुवन कापड़ी को कार्यकारी अध्यक्ष संगठन की जिम्मेदारी सौंपी गई। इसके बाद करीब दस दिन पहले प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल ने यूपी के जमाने में एमएलसी रहे पृथ्वीपाल सिंह चौहान को उपाध्यक्ष, संगठन की जिम्मेदारी सौंप दी। ऐसे पार्टी के भीतर ही इस बात को लेकर चर्चाएं हैं कि आखिर पार्टी संगठन का काम देख कौन रहा है।
उपाध्यक्षों के कमरे में ताला लगे होने का मामला मुझ तक पहुंचा था। पिछले कुछ दिन बाहर था, इसलिए इस पर ध्यान नहीं दे पाया। अब मैं देहरादून में हूं। देखा जाएगा कि ऐसा क्यों हुआ। जहां तक पार्टी संगठन की जिम्मेदारी की बात है, इसके लिए संगठन महामंत्री के कुछ नाम पार्टी हाईकमान को भेजे गए हैं। वहां से हरी झंडी मिलते ही नाम की घोषणा कर दी जाएगी।
- गणेश गोदियाल, कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष