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ऐसे मिलेगा भगवान केदार को 'नव जीवन'

Sun, 25 Aug 2013 01:20 PM IST
अमर उजाला, अरुणेश पठानिया, देहरादून
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जलप्रलय से तबाह हुए केदारनाथ धाम को दोबारा बसाने के लिए राज्य सरकार ने 450 करोड़ की योजना तैयार की है। योजना में मंदिर परिसर के साथ 200 करोड़ रुपये से नई टाउनशिप और केदारनाथ के लिए नए मार्ग के निर्माण का प्रस्ताव है।
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राज्य सरकार ने आपदा के बाद पुनर्निर्माण को लेकर कुल 1400 करोड़ का प्लान तैयार किया है। प्रदेश सरकार इस प्लान को 27 अगस्त को नई दिल्ली में योजना आयोग के साथ होने वाली बैठक में रखेगी।

प्लान में केदारनाथ धाम के पुनर्निर्माण की योजना शुमार है, जिसके तहत 100 करोड़ रुपये से मंदिर परिसर का नए सिरे निर्माण किया जाना है। केदारनाथ में आवासीय और व्यावसायिक भवनों के मौजूदा क्षेत्र को मंदिर क्षेत्र से दूर स्थापित करने की भी योजना है।
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केदारनाथ में नए टाउनशिप को विकसित करने के लिए 200 करोड़ का प्रावधान रखा है। रामबाड़ा से केदारनाथ तक सड़क, पुल निर्माण और वैकल्पिक मार्ग के लिए लगभग 100 करोड़ रुपये का बजटीय प्रावधान रहेगा। इसके अलावा अन्य आधारभूत ढांचा विकसित करने के लिए 50 करोड़ तक खर्च होगा।

नियोजन विभाग ने 23 अगस्त को ड्राफ्ट प्लान की कापी योजना आयोग को सौंप दी है। कुल प्लान में सड़क और पुल निर्माण पर सर्वाधिक लगभग 500 करोड़ खर्च होंगे। इसके अलावा कृषि, ऊर्जा जैसे सेक्टर भी प्लान में शामिल हैं। 27 अगस्त को प्रदेश के सभी विभागीय सचिव और अपर मुख्य सचिव योजना आयोग की बैठक में मौजूद रहेंगे।

वाह्य सहायतित में 3700 करोड़ स्वीकृत
अब तक राज्य सरकार को लगभग 3700 करोड़ रुपये एडीबी और वर्ल्ड बैंक से स्वीकृत हो चुके हैं। प्रमुख रूप से पेयजल, सड़क, बिजली, पर्यटन, सेनिटेशन आदि के लिए वाह्य सहायतित योजनाओं के तहत 17 अगस्त को स्वीकृति प्रदान की गई है। यह योजनाएं लंबे अंतराल के लिए स्वीकृत हैं।

केंद्र प्रायोजित में तीन हजार करोड़ की योजनाएं
राज्य के अधिकांश विभागों ने केंद्र प्रायोजित योजनाओं के तहत संचालित योजनाओं में लगभग तीन हजार करोड़ रुपये के प्रस्ताव संबंधित मंत्रालयों को भेजे हैं। जिस पर केंद्र ने सैद्धांतिक सहमति भी प्रदान की है। केंद्र प्रायोजित योजनाओं के प्रस्तावों को भी योजना आयोग के समक्ष रखा जाना शेष है।
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