फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

विधायक महेश नेगी मामला: महिला के अधिवक्ता ने परिवार न्यायालय में दी डीएनए टेस्ट की अर्जी 

Wed, 10 Nov 2021 10:39 PM IST
अलका त्यागी संवाद न्यूज एजेंसी, देहरादून

सार

Mla Mahesh negi sexual assault case: पिछले साल सितंबर में विधायक महेश नेगी के खिलाफ एक महिला ने दुष्कर्म का मुकदमा दर्ज कराया था। महिला का दावा था कि उनकी एक बेटी भी है, जिसके जैविक पिता विधायक महेश नेगी हैं।
विज्ञापन
डीएनए टेस्ट - फोटो : प्रतीकात्मक तस्वीर
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

उत्तराखंड में विधायक महेश नेगी पर लगे दुष्कर्म के मामले में महिला के अधिवक्ता ने परिवार न्यायालय में बच्ची और विधायक का डीएनए टेस्ट कराने को अर्जी लगाई है। इसके लिए उन्होंने पिछले दिनों अल्मोड़ा में हुई विधायक की पत्रकार वार्ता की सीडी भी अदालत में पेश की है। दावा है कि पत्रकार वार्ता में विधायक ने डीएनए टेस्ट के लिए सहमति जताई थी। परिवार न्यायालय इस मामले में आगामी चार दिसंबर को सुनवाई करेगा। 

विज्ञापन


पिछले साल सितंबर में विधायक महेश नेगी के खिलाफ एक महिला ने दुष्कर्म का मुकदमा दर्ज कराया था। महिला का दावा था कि उनकी एक बेटी भी है, जिसके जैविक पिता विधायक महेश नेगी हैं। इसके बाद उनके अधिवक्ता एसपी सिंह ने परिवार न्यायालय में 60 हजार रुपये भरण पोषण भत्ता देने को अर्जी लगाई थी। इसमें समय-समय पर तारीखें लगीं, लेकिन विधायक की ओर से जवाब दाखिल नहीं किया गया। 

उत्तराखंड: अदालत में पेश न होने पर विधायक महेश नेगी पर कोर्ट ने लगाया जुर्माना, पढ़ें पूरा मामला
विज्ञापन


अधिवक्ता एसपी सिंह ने बताया कि बच्ची की ओर से अब कोर्ट में डीएनए टेस्ट की अर्जी भी लगाई गई है। उन्होंने बताया कि विधायक महेश नेगी ने पिछले दिनों अल्मोड़ा में एक पत्रकार वार्ता की थी। इस दौरान उन्होंने डीएनए टेस्ट के लिए सहमति जताई थी। इस पत्रकार वार्ता की सीडी भी अदालत में पेश की गई है। न्यायालय ने इस पर सुनवाई के लिए आगामी चार दिसंबर की तिथि नियत की है। 
विज्ञापन


सीजेएम में भी चल रहा है टेस्ट का मामला 
विधायक महेश नेगी से संबंधित दो मुकदमे नेहरू कॉलोनी में दर्ज हुए थे। इनमें एक विधायक की पत्नी ने महिला पर ब्लैकमेलिंग का आरोप लगाया था। जबकि दूसरा मुकदमा महिला ने विधायक के खिलाफ दुष्कर्म का दर्ज कराया था। इन दोनों मामलों की विवेचना महिला थाना श्रीनगर के द्वारा की जा रही है। पिछले साल महिला ने सीजेएम कोर्ट में अर्जी लगाई थी कि विधायक और बच्ची का डीएनए टेस्ट कराया जाए लेकिन इसमें भी अभी कोई निर्णय नहीं आया है।

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें