कमिश्नरी मुख्यालय पौड़ी के जिला अस्पताल की बदहाली अब राजनैतिक दलों और उनके प्रत्याशियों की सेहत खराब करेगी।
बीमार पड़े इस अस्पताल की दशा सुधारने में अब तक भाजपा और कांग्रेस दोनो विफल पड़े हैं। ऐसे में अब वोट मांगते समय इस मुद्दे पर जवाब देना भारी पड़ेगा।
मंडल मुख्यालय पौड़ी का जिला अस्पताल लंबे समय से डाक्टरों की कमी से जूझ रहा है। 130 बेड के इस अस्पताल में डाक्टरों के स्वीकृत 17 पदों में से 10 खाली है।
एक डॉक्टर के भरोसे महिला अस्पताल
पौड़ी में जिला महिला अस्पताल की हालत और खराब है। यह अस्पताल वर्तमान में एकमात्र डॉक्टर के भरोसे चल रहा है। डॉक्टरों की कमी के कारण यहां आ रहे प्रसव के ज्यादातर मामलों को श्रीनगर बेस अस्पताल रेफर किया जा रहा है।
स्थानीय नेताओं का है कहना
कांग्रेस के सत्ता में आने के बाद जिला अस्पताल व जिला महिला अस्पताल की ज्यादा दुर्दशा हुई है। कांग्रेस सरकार ने यहां से कई चिकित्सकों का स्थानांतरण तो किया। लेकिन प्रतिस्थानी नहीं भेजे। सरकार पौड़ी की घोर उपेक्षा कर रही है।
-राजकुमार पोरी भाजपा जिलाध्यक्ष पौड़ी गढ़वाल
भाजपा शासन काल में दोनों मुख्य मंत्री पौड़ी के रहे। इसके बाद भी भाजपा शासन काल में पौड़ी के जिला अस्पताल उपेक्षा हुई। अभी तक कांग्रेस सरकार भी इसकी दशा नहीं सुधार पाई है। लेकिन मुख्यमंत्री हरीश रावत ने जल्दी अस्पताल में सभी डाक्टरों की कमी दूर करने का आश्वासन दिया है।
-गोविंद सिंह रावत, कांग्रेस जिलाध्यक्ष पौड़ी