हंगामे के दौरान एक एलआईयू कर्मचारी ने मौके की वीडियो बनाना शुरू किया तो लोगों ने उनके साथ मारपीट की और मोबाइल छीन लिया। इस दौरान महिला आयोग की अध्यक्ष कुसुम कंडवाल और बाल आयोग की अध्यक्ष गीता खन्ना ने एसपी सिटी प्रमोद कुमार के साथ परिजनों को समझाया। परिजनों ने सीबीआई जांच से संबंधित एक पत्र भी पुलिस को सौंपा।
पुलिस अधिकारियों ने इसे शासन को प्रेषित करने का आश्वासन दिया। घंटों चले इस प्रकरण के बाद परिजन बच्ची के शव को लेकर लक्खीबाग श्मशान घाट पहुंचे जहां उसका अंतिम संस्कार किया गया। उधर, एसएसपी अजय सिंह ने बताया कि प्राथमिक साक्ष्यों के आधार पर हत्या और दुष्कर्म की धाराएं मुकदमे से हटा दी गई हैं। इस मामले में अभिषेक लूथरा और नौकर राजीव कुमार को आत्महत्या के लिए मजबूर करने, मारपीट और बंधक बनाकर बालश्रम कराने के आरोप में गिरफ्तार कर लिया गया है।
सीसीटीवी फुटेज में स्टूल ले जाती दिख रही किशोरी
एसएसपी ने बताया कि पुलिस ने मौके सीसीटीवी फुटेज भी चेक किए हैं। इनमें दिख रहा है कि किशोरी बाथरूम की ओर अकेले ही स्टूल ले जाती दिख रही है। इसी का सहारा लेकर वह फंदे पर लटकी थी। कुछ समय बाद आरोपी अभिषेक लूथरा व अन्य लोग बालिका को बाथरूम से निकालकर बाहर लाते दिखाई दिए इसलिए पुलिस घटना को आत्महत्या मान रही है।