महोत्सव का यही उद्देश्य है कि भारत की कला, संस्कृति और विरासत के मूल्यों को बचा के रखा जाए। इन सांस्कृतिक मूल्यों को जन-जन तक पहुंचाया जाए। इस मौके पूर्व सीईडी पेट्रोन एलएनजी एके बालियान, अनसूया प्रसाद, एचएएल के पूर्व अध्यक्ष आर माधवन, सूर्यकांत धस्माना आदि मौजूद रहे।
शनिवार को गुजराती संस्कृति की बिखरेगी छटा
कौलागढ़ में शुक्रवार को शुरू हुआ विरासत महोत्सव 15 दिन तक चलेगा। इसमें रोजाना विभिन्न संस्कृति की झलक देखने को मिलेगी। इसके साथ ही शनिवार को गुजरात की सांस्कृतिक प्रस्तुत की जाएगी।