अभिनेत्री और कवयित्री प्रिया मलिक की हर कविता पर दर्शकों ने जमकर तालियां बजाईं। मूल रूप से देहरादून निवासी प्रिया अपनी कविताओं से अक्सर सुर्खियों में रहती हैं। देहरादून लिटरेचल फेस्टिवल में प्रिया मलिक अलग ही अंदाज में नजर आईं और दर्शकों से खूब बातें की।
दिल्ली विश्वविद्यालय के श्री वेंकटेश्वर कॉलेज और ऑस्ट्रेलिया के एडिलेड में दक्षिण ऑस्ट्रेलिया विश्वविद्यालय से पढ़ाई करने के बाद प्रिया ने अपने करियर की शुरुआत एक शिक्षक के रूप में की थी। अमर उजाला से बात करते हुए प्रिया ने कहा कि प्रकृति के अन्य प्राणियों की तुलना में मनुष्य में चेतना शक्ति की प्रबलता होती है।
वह अपनी कविताओं से कवि मानवता, प्रेम, एकता, दया, करुणा, परोपकार, सहानुभूति, सद्भावना और उदारता से परिपूर्ण जीवन जीने का संदेश देना चाहती हैं। प्रिया देश के कई राज्यों में आयोजित कार्यक्रमों में अपनी कविताओं से दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर चुकी हैं। वहीं इस मौके पर विभिन्न कॉलेज के छात्र-छात्राओं ने प्रिया के साथ जमकर सेल्फी लेने के साथ उनके कविताएं लिखने के गुर भी जाने।