प्रदेश में कोरोना संक्रमितों की संख्या कम होने के साथ कोविड सैंपल जांच घट गई है। सात महीने में सबसे कम सैंपलों की जांच की गई। त्योहारी सीजन में सार्वजनिक स्थानों पर भीड़भाड़ से संक्रमण का खतरा बढ़ सकता है।
प्रदेश में कोरोना काल को 581 दिन का समय बीत गया है लेकिन वर्तमान संक्रमण काबू में है। पहले की तुलना में सैंपल जांच काफी कम हुई है। 10 से 16 अक्तूबर तक प्रदेश में 90037 सैंपलों की जांच की गई। जिसमें 85 लोग कोरोना संक्रमित मिले हैं। वहीं, 63 संक्रमित स्वस्थ हुए हैं। बीते सात दिनों में संक्रमितों की तुलना में ठीक होने वालों की संख्या कम है।
सोशल डेवलपमेंट फॉर कम्युनिटी फाउंडेशन के अध्यक्ष अनूप नौटियाल का कहना है कि प्रदेश में कोरोना संक्रमण काबू में है। पिछले सात महीनों में एक सप्ताह में सबसे कम सैंपल जांच की गई। त्योहारी सीजन को देखते हुए सरकार और स्वास्थ्य विभाग को सैंपलिंग बढ़ाने पर विशेष ध्यान देने की आवश्यकता है। अभी संक्रमण का खतरा कम नहीं हुआ है।
कोविड टीकाकरण की दूसरी खुराक लगाने पर लक्की ड्रा की योजना योजना को लेकर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. मनोज उप्रेती ने मातहत अधिकारियों को जरूरी दिशा निर्देश दिए हैं। इसके लिए सीएमओ कार्यालय में आयोजित बैठक में कई अधिकारियों ने ऑनलाइन भी हिस्सा लिया।
जिला प्रशासन, स्वास्थ्य विभाग व देहरादून स्मार्ट सिटी परियोजना लिमिटेड के संयुक्त प्रयास से 18 अक्तूबर से दो नवंबर के बीच कोविड-19 टीके की दूसरी खुराक लगवाने पर पात्र लाभार्थियों को लकी ड्रॉ एवं मेगा लकी ड्रॉ की माध्यम से पुरस्कृत किया जाना है। इसके लिए जिले के सभी कोविड-19 टीकाकरण केंद्रों के प्रभारी व कार्यरत टीम को जारी दिशा-निर्देशों का पालन करना अनिवार्य है।
जिले की सभी चिकित्सा इकाइयों द्वारा अपने-अपने क्षेत्रों में कार्यरत एएनएम, आशा, आंगनबाड़ी, कम्यूनिटी हेल्थ ऑफिसर और जनप्रतिनिधियों के माध्यम से व्यापक प्रचार-प्रसार करेंगे। यह सुनिश्चित कर लें कि प्रत्येक कोविड-19 टीकाकरण केंद्र पर पारदर्शी बॉक्स (सीलयुक्त) व लकी ड्रा कूपन उपलब्ध होना अनिवार्य है। वैक्सीनेशन टीम द्वारा कोविड-19 टीके की दूसरी खुराक लगाने वाले प्रत्येक लाभार्थी को लकी ड्रा के बारे में जानकारी देनी होगी। सत्यापन अधिकारी द्वारा टीके की दूसरी खुराक लगाने वाले लाभार्थियों को कोविन पोर्टल पर सत्यापित करने व टीका लगाने के बाद ही लकी ड्रॉ कूपन भरा जाएगा।
इसमें कूपन से लाभार्थी वाली रसीद लाभार्थी को व लकी ड्रॉ कूपन वाली रसीद पारदर्शी बॉक्स में डालना होगा, जिसको सुरक्षित रखना होगा। जिला प्रतिरक्षण अधिकारी डॉ. दिनेश चौहान ने बताया कि किसी प्रकार के संशय होने पर या अधिक जानकारी के लिए जिला प्रतिरक्षण टीम व जिला कोविन पोर्टल टीम से संपर्क किया जा सकता है