लखीमपुर खीरी की घटना के विरोध में भारतीय किसान यूनियन (टिकैत) की ओर से सोमवार को रेल रोको आंदोलन की घोषणा के बाद पुलिस के साथ जीआरपी भी सतर्क हो गई है। जीआरपी ने लंढौरा रेलवे स्टेशन पहुंचकर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया।
कृषि कानूनों के विरोध में चल रहे किसान आंदोलन और लखीमपुर खीरी में किसानों की हत्या के विरोध में भाकियू (टिकैत) ने 18 अक्तूबर को ट्रेनें रोकने की घोषणा की थी। भाकियू पदाधिकारियों की ओर से रेल रोको आंदोलन को सफल बनाने के लिए किसानों से संपर्क किया जा रहा है। इसे लेकर पुलिस के साथ ही जीआरपी भी अलर्ट हो गई है। जीआरपी एसओ प्रदीप राठौर ने बताया कि ट्रेनें रोके जाने की घोषणा के चलते सोमवार सुबह से ही स्टेशन पर कड़ी सुरक्षा व्यवस्था की जाएगी। सुबह दस से शाम चार बजे तक होने वाले आंदोलन के तहत इस अवधि में लंढौरा रेलवे स्टेशन से होकर गुजरने वाली करीब 30 ट्रेनों का आवागमन बाधित हो सकता है। इस दौरान मुसाफिरों को परेशानियों का सामना करना पड़ेगा।
उन्होंने बताया कि रेलवे स्टेशन पर सुरक्षा बढ़ा दी गई है। लंढौरा रेलवे स्टेशन अधीक्षक सीएल मीणा ने बताया कि रेल रोको आंदोलन से अहमदाबाद मेल, शताब्दी एक्सप्रेस देहरादून, गंगानगर, कोलकाता-अमृतसर, देहरादून-बांद्रा, हरिद्वार-गंगानगर, हरिद्वार-अमृतसर शताब्दी, उज्जैन-इंदौर-देहरादून, लक्सर पैसेंजर, लखनऊ-चंडीगढ़, जयनगर-अमृतसर, रामनगर-चंडीगढ़ एक्सप्रेस समेत कई माल गाड़ियां प्रभावित रहेंगी। वहीं, भाकियू (टिकैत) के जिलाध्यक्ष विजय शास्त्री ने कहा कि संयुक्त किसान मोर्चा के आह्वान पर लंढौरा रेलवे स्टेशन पर आज सुबह दस बजे से शाम चार तक रेल संचालन बंद रखा जाएगा।