गैरसैंण में विधानसभा सत्र में हुए घटनाक्रम को मुख्यमंत्री हरीश रावत ने भाजपा पर हमला बोला। सदन में बाहरी व्यक्ति के घुसने के भाजपा के आरोप पर रावत ने कहा, मैं वीडियो फुटेज जारी कराने को तैयार हूं। यही नहीं सीएम ने कहा कि अगर सदन में कोई कांग्रेसी घुसा दिखे तो मैं पूरे राज्य से माफी मागूंगा। जो सदन के भीतर आए वे सभी मार्शल और रिजर्व मार्शल थे।
बीजापुर गेस्ट हाउस में आयोजित प्रेसवार्ता में मुख्यमंत्री ने भाजपा के व्यवहार को निंदनीय बताते हुए कहा कि क्रोध की भी सीमा होती है। कम से कम लोकतांत्रिक व संसदीय परंपराओं को अपने गुस्से का शिकार नहीं बनाना चाहिए। विपक्ष ने सदन में ना स्पीकर के आदेश माने और ना ही मुझे बोलने दिया।
सीएम ने कहा कि संसदीय परंपराओं और लोकतांत्रिक मूल्यों के उपासक के तौर पर मैं विपक्ष के इस आचरण से दुखी हूं। मैं संकल्प रखने के लिए खड़ा हुआ, लेकिन मुझे बोलने नहीं दिया गया। उस संकल्प में उन सवालों का भी जवाब था, जिन्हें विपक्ष जानना चाहता था।