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चारधाम यात्रा 2021: बदरीनाथ जा रहे 400 यात्रियों को पांडुकेश्वर में रोका, केदारघाटी में बेमियादी बाजार बंद की चेतावनी

Tue, 28 Sep 2021 09:59 PM IST
अलका त्यागी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून

सार

Chardham Yatra 2021: श्रीकेदारधाम होटल ऑनर्स एसोसिएशन ने दो अक्तूबर से केदारघाटी में अनिश्चितकालीन बाजार बंद की चेतावनी दी है। 
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केदारघाटी - फोटो : अमर उजाला फाइल फोटो
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विस्तार
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चारों धामों में तीर्थयात्रियों के पहुंचने का सिलसिला जारी है। बदरीनाथ धाम में मंगलवार को शाम चार बजे तक 675 यात्रियों ने दर्शन किए। जबकि हेमकुंड साहिब के दर्शन के लिए 510 श्रद्धालु पहुंचे थे। वहीं गंगोत्री धाम में 554 और यमुनोत्री धाम में 400 तीर्थयात्री पहुंचे। तीर्थयात्रियों के आने से कोरोना काल में धामों के प्रमुख पड़ावों पर पसरा सन्नाटा भी टूटा है और धामों में रौनक देखने को मिल रही है। वहीं देवस्थानम बोर्ड के मीडिया प्रभारी डा. हरीश गौड़ ने बताया कि 18 सितंबर से अब तक चारों धामों में 22844 यात्री दर्शन कर चुके हैं। 

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केदारघाटी में बेमियादी बाजार बंद की चेतावनी
श्रीकेदारधाम होटल ऑनर्स एसोसिएशन ने दो अक्तूबर से केदारघाटी में अनिश्चितकालीन बाजार बंद की चेतावनी दी है। एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने जिलाधिकारी मनुज गोयल के माध्यम से मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को इस संबंध में ज्ञापन भेजा है। उन्होंने ई-पास की अनिवार्यता व सीमित यात्रियों की संख्या को खत्म करने की मांग की है। 

एसोसिएशन के अध्यक्ष प्रेम गोस्वामी के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल ने डीएम से भेंट कर चारधाम यात्रा को लेकर चर्चा की। कहा कि ई-पास व्यवस्था व यात्रियों की संख्या पर प्रतिबंध से कारोबार को नुकसान हो रहा है। साथ ही प्रतिदिन सैकड़ों यात्री बिना दर्शन लौट रहे हैं। उन्होंने ई-पास की व्यवस्था खत्म करने, उत्तराखंड के लोगों के लिए ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन की बाध्यता खत्म करने, यात्रियों को बुक किए गए होटल/रेस्टोरेंट तक पहुंचने की अनुमति देने, यात्रियों की जगह-जगह चेकिंग न करने, बिना ई-पास आए यात्रियों को अन्य तीर्थ व पर्यटक स्थलों पर जाने की अनुमति देने और अंतिम पड़ाव पर यात्रियों का पंजीकरण कराने की मांग की है। 
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होटल एसोसिएशन ने 2 अक्तूबर से केदारघाटी में गुप्तकाशी से गौरीकुंड तक अनिश्चितकालीन बाजार बंद करने की चेतावनी दी है। इधर, होटल एसोसिएशन के सचिव नितिन जमलोकी ने कहा कि सरकार व देवस्थानम बोर्ड के नियमों से कारोबारियों को भारी नुकसान हो रहा है।

बिना ई-पास के पांडुकेश्वर में रोके 400 यात्री
बदरीनाथ धाम की यात्रा को लेकर कड़े नियम यात्रियों की परेशानी का सबब बने हुए हैं। मंगलवार को पांडुकेश्वर में पुलिस ने ई-पास नहीं होने पर करीब 400 लोगों को रोक दिया। यात्री आगे जाने के लिए पुलिस से गुहार लगाते रहे। मंगलवार को बदरीनाथ यात्रा के लिए कर्नाटक, उड़ीसा, राजस्थान, दिल्ली, उत्तर प्रदेश सहित विभिन्न राज्यों से आए हुए करीब 400 लोगों के पास ई-पास नहीं था, जिसके चलते पुलिस ने उनको रोक दिया। गोविंदघाट पुलिस थाने के एसओ बृजमोहन राणा ने बताया कि ई-पास वाले किसी भी यात्री को रोका नहीं जा रहा है, जिनके पास ई-पास नहीं है उनका अगले दिन पंजीकरण संख्या में आगे जाने दिया जा रहा है। 

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चारधाम यात्रा के लिए वन फोन नंबर, वन बुकिंग और वन आधार

प्रदेश में चारधाम यात्रा को बढ़ावा देने के लिए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देश न पर मंगलवार को अपर मुख्य सचिव आनंद बर्द्धन ने चारधाम यात्रा से जुड़े विभागों की बैठक ली। उन्होंने यात्रा की प्रक्रिया को सरल बनाने के लिए वन फोन नंबर, वन बुकिंग और वन आधार को अपनाने के निर्देश दिए।

मंगलवार को सचिवालय में आयोजित अपर मुख्य सचिव आनंद बर्द्धन ने सचिवालय में चारधाम यात्रा से जुड़े सभी विभाग के अधिकारियों की बैठक ली। समीक्षा बैठक के दौरान अपर मुख्य सचिव ने निर्देश दिए कि राज्य के बाहर से आने वाले यात्रियों को स्मार्ट सिटी एवं देवस्थानम बोर्ड के पोर्टल पर पंजीकरण कराया जा रहा है। पंजीकरण कराने के लिए अभिलेख और शर्तें दोनों पोर्टलों में एक समान हैं। यात्रियों की सुविधा के तहत देवस्थानम बोर्ड के ई-पास होल्डर को स्मार्ट सिटी के पोर्टल पर पंजीकरण की बाध्यता को एसओपी से हटाने पर विचार किया जाए।

देवस्थानम बोर्ड की वेबसाइट खोलने में उत्पन्न हो रही समस्याओं का तत्काल निराकरण किया जाए। धामों के चेक प्वाइंट पर ई-पास की चेकिंग के लिए क्यूआर कोड की व्यवस्था की जाए। अपर मुख्य सचिव ने निर्देश दिए कि देवस्थानम बोर्ड के पोर्टल पर यात्रियों के पंजीकरण के लिए वन फोन नंबर, वन बुकिंग और वन आधार की व्यवस्था की जाए। चारों धामों में सभी प्रोटोकॉल का कड़ाई से अनुपालन सुनिश्चित करते हुए मंदिर खुलने के निर्धारित समय के तहत धाम एवं मंदिर परिसर की वास्तविक क्षमता का आंकलन वीडियोग्राफी सहित शासन को उपलब्ध कराई जाए। उच्च न्यायालय में अंतरिम याचिका दायर करते हुए तत्काल यात्रियों की प्रतिदिन दर्शन की अनुमन्य संख्या को बढ़ाने का अनुरोध किया जाए। 

अपर मुख्य सचिव ने कहा कि यह सुनिश्चित किया जाए कि ई-पास को निर्गत करने और चेकिंग व्यवस्था को सरल किया जाए, जिससे तीर्थ यात्रियों को ई-पास के लिए पंजीकरण कराने में किसी तरह की असुविधा न हो। बैठक में बताया गया कि निर्धारित यात्रियों के सापेक्ष पूर्व से पंजीकृत यात्रियों में से अपेक्षाकृत कम यात्री चार धामों में दर्शन आ रहे हैं। इस स्थिति में संबंधित जिलाधिकारियों की ओर से उक्त यात्रियों के स्थान पर अन्य पंजीकृत यात्रियों को दर्शन की अनुमति दी जा सकती है। बैठक में चारधाम देवस्थानम बोर्ड के मुख्य कार्यकारी अधिकारी रविनाथ रमन ने बताया कि चार धाम यात्रा पंजीकरण एवं ई-पास देवस्थानम् बोर्ड की वेबसाइट से निर्गत किए जा रहे हैं। वेबसाइट पर तक चारधाम यात्रा के लिए यात्रियों द्वारा पंजीकरण करा लिया गया। चारों धाम में पूजा सुबह चार बजे से शाम सात बजे तक संचालित की जा रही है। बैठक में चारधाम यात्रा से जुड़े सभी विभागों के आलाअधिकारी और चारों धाम से जुड़े जिलों के जिलाधिकारी शामिल हुए।
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