अगले तीन दिनों तक भारी बारिश की मौसम विभाग की चेतावनी से गढ़वाल, हरिद्वार, ऋषिकेश और विकासनगर के निचले इलाकों में रहने वाले लोगों की बेचैनी बढ़ गई है।
निचले इलाके के लोगों ने खुद अपने भवन खाली कर दिए और सुरक्षित जगहों पर पहुंच गए हैं। कई जगह प्रशासन और पुलिस की टीम भी लोगों को सुरक्षित इलाकों में पहुंचाने में जुट गई हैं।
शिफ्ट होने लगे परिचितों के यहां
श्रीनगर में बुधवार सुबह आसमान में घिरे बादल और मौसम विभाग की चेतावनी को देखते हुए केदार मोहल्ला, कमलेश्वर, श्रीकोट, तिवारी मोहल्ला जैसे निचले इलाकों के वाशिंदे परिचितों के यहां शिफ्ट होने लगे हैं। लोगों ने कहा कि पिछली बारिश ने प्रदेश में कहर बरपाया है, इसलिए एहतियातन उन्होंने अपना घर खाली कर परिवार को परिचितों के यहां पहुंचा दिया है।
वहीं ऋषिकेश में प्रशासन ने गंगा और अन्य नदियों के तटीय क्षेत्रों में हाई अलर्ट जारी किया है। बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों को संवेदनशील और अतिसंवेदनशील क्षेत्रों में बांटा गया है। प्रशासन के साथ जनप्रतिनिधियों और स्थानीय लोगों की एक टीम भी इन क्षेत्रों पर चौबीस घंटे नजर रखेगी। पिछले माह की घटना से प्रशासन की नींद उड़ी हुई है।
लोगों को पहुंचाया जाएगा धर्मशालाओं और आश्रमों में
प्रशासन ने मायाकुंड, त्रिवेणीघाट, खदरी खड़कमाफ, रायवाला आदि इलाकों को अतिसंवेदनशील की श्रेणी में रखा है। आपदा के समय शहर की धर्मशालाओं और आश्रमों में लोगों को पहुंचाया जाएगा। वहीं डोईवाला इलाके में प्रशासन की नजर केशवपुरी और राजीवनगर बस्ती पर लगी हुई है।
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उनको बाढ़ के खतरे से अलर्ट कर दिया गया है। परिवारों को स्वत: आवास खाली करने के निर्देश दिए गए हैं। नदियों में बाढ़ आने की स्थिति पर प्रशासन क्षेत्रों को जबरन खाली कराएगा। उधर, विकासनगर में भी प्रशासन मौसम विभाग की चेतावनी से हरकत में है।
अवैध बस्ती को पुलिस ने खाली करवाया
सभी लेखपालों को संवेदनशील और अतिसंवेदनशील स्थानों को चिह्नित करने के निर्देश दिए गए हैं। सुरक्षा की दृष्टि से पुलिस ने बाड़वाला में यमुना पुल के पास अवैध बस्ती को पुलिस ने खाली करवा दिया। सुरक्षा के लिए नौ बाढ़ चौकियां झाझरा, सहसपुर, पीलियो नाथवाला, विकासनगर, पुलिस चौकी हरबर्टपुर, सभावाला, रामपुर भाऊवाला, ढकरानी और बाड़वाला में स्थापित की गई हैं।
इसके साथ ही राहत केंद्र भी बनाए गए हैं। तहसील में कंट्रोल रूम भी बनाया गया है। डीएसओ को राहत केंद्रों में बृहस्पतिवार तक खाद्यान्न सामग्री पहुंचाने को कहा गया है।