शुभमन गिल को विश्व क्रिकेट में मौजूदा समय के सबसे बेहतरीन और सबसे संपूर्ण बल्लेबाजों में से एक माना जाता है। पांच साल पहले भारत के लिए डेब्यू करने के बाद वह टीम की बल्लेबाजी इकाई का एक महत्वपूर्ण सदस्य बन चुके हैं। वह फिलहाल तीनों प्रारूप में भारत के लिए खेलते हैं और श्रीलंका दौरे पर तो उन्हें वनडे-टी20 सीरीज के लिए उपकप्तान भी बनाया गया है।
शुभमन गिल
- फोटो : BCCI
हालांकि, सिर्फ बल्लेबाजी ही नहीं है जो गिल को प्रभावशाली बनाती है, बल्कि इस 24 वर्षीय खिलाड़ी की कप्तानी क्षमता और दबाव से निपटने के कौशल ने भी उनको प्रशंसा दिलाई है। गिल आईपीएल फ्रेंचाइजी गुजरात टाइटंस के कप्तान हैं, जबकि उन्होंने हाल ही में समाप्त हुई जिम्बाब्वे के खिलाफ टी20 सीरीज में अपनी कप्तानी में युवा भारतीय टीम को 4-1 से जीत दिलाई थी। गिल के नेतृत्व क्षमता की प्रशंसा मुख्य चयनकर्ता अजीत अगरकर ने अपने सोमवार के भाषण में की थी। उन्होंने कहा था कि वह शुभमन को तीनों प्रारूप का खिलाड़ी मानते हैं और आगे उन्हें लीडरशिप रोल में भी देखते हैं। हालांकि, उन्होंने यह भी कहा था कि इसकी कोई गारंटी नहीं है।
शुभमन गिल
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जिम्बाब्वे सीरीज के बाद गिल को श्रीलंका के आगामी दौरे के लिए भारतीय क्रिकेट टीम का उप-कप्तान नामित किया गया है। इस दौरे पर भारत को तीन टी20 और इतने ही वनडे मैच खेलने हैं। भारत के पूर्व बल्लेबाजी कोच विक्रम राठौड़ का मानना है कि गिल एक दिन सभी प्रारूपों में भारतीय टीम का नेतृत्व करेंगे।
शुभमन गिल
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उन्होंने इंडियन एक्सप्रेस से बातचीत में कहा, 'मैंने उन्हें जितना भी देखा है, चाहे गुजरात टाइटंस के लिए हो या जिम्बाब्वे में, उन्होंने अच्छा काम किया। उन्होंने शानदार बॉडी लैंग्वेज दिखाई है, जो किसी टीम की अगुआई करने के लिए जरूरी है। अब उप-कप्तानी के साथ बीसीसीआई ने उन्हें अतिरिक्त जिम्मेदारी दी है और मुझे यकीन है कि वह इस भूमिका में कामयाब होंगे।
शुभमन गिल
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उन्होंने कहा, 'मुझे लगता है कि कप्तानी ने विराट और रोहित से सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करवाया और मुझे लगता है कि शुभमन के लिए भी ऐसा ही होगा। हालांकि, वह अभी तक कप्तान नहीं हैं। नेतृत्व समूह में होने से भी वह सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन कर सकेंगे। मुझे इस पर पूरा यकीन है। जब आप उस भूमिका में होते हैं, दूसरों का नेतृत्व करते हैं तो यह आपको अतिरिक्त जिम्मेदारी देता है, जो अच्छा है। मुझे लगता है कि शुभमन जैसे युवा बच्चों के लिए यह बहुत अच्छा है, जो एक दिन तीनों प्रारूपों में भारत का नेतृत्व करते दिख सकते हैं।