स्टेशन पर रेल रोकने पहुंचे लोगों को हटाती जीआरपी।
पूर्वांचल राज्य जनांदोलन के सत्याग्रहियों ने रविवार को मुगलसराय स्टेशन पर पहुंच कर ट्रेन रोकने की कोशिश की। जिसे जीआरपी और आरपीएफ ने विफल कर दिया। इस दौरान सुरक्षाकर्मियों और आंदोलनकारियों के बीच तीखी नोकझोंक भी हुई। बाद में आंदोलनकारियों को स्टेशन के बाहर किया गया। यहां आंदोलनकारियों ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को संबोधित पत्रक एसडीएम मुगलसराय को सौंपा।
पूर्व घोषित कार्यक्रम के तहत पूर्वांचल राज्य के सत्याग्रही दोपहर बारह बजे मुगलसराय स्टेशन के प्लेटफार्म संख्या पांच पर पहुंचे। प्लेटफार्म पर इसी दौरान पटना-मुगलसराय ईएमयू पहुंची। प्लेटफार्म के दिल्ली एंड पर आंदोलनकारियों ने इसी ट्रेन को रोकने की कोशिश की। हालांकि सूचना पाकर आरपीएफ, जीआरपी के साथ मुगलसराय एसडीएम सत्येन्द्र सिंह, मुगलसराय कोतवाली पुलिस के साथ पहुंचे। सुरक्षाकर्मियों ने आंदोलनकारियों को पटरी पर जाने से रोका तो आंदोलनकारी प्लेटफार्म पर बैठ गए और नारेबाजी शुरू कर दी। कई बार नोकझोंक के बाद आंदोलनकारियों को सुरक्षाकर्मियों ने स्टेेशन के बाहर किया। इसके पूर्व संगठन के मुख्य कार्यकारी संयोजक अनुज राही ने कहा कि पूर्वांचल राज्य के गठन से ही क्षेत्र का विकास हो सकता है। जीआरजे की राष्ट्रीय महिला प्रभारी वंदना रघुवंशी ने कहा कि 28 जनपदों को मिलाकर पूर्वांचल राज्य गठन की मांग की जा रही है। प्रांतीय महासचिव हरवंश पटेल ने कहा कि यह आंदोलन अब जनांदोलन बन चुका है। रेल रोको आंदोलन में भूपेन्द्र सिंह, अनिशा साही, आरती शर्मा, चंद्रभूषण मिश्र, अनुज मिश्र, शोभा श्रीवास्तव, नूतन सिंह, उषा अग्रवाल, सचिन मिश्र, उमेेश मिश्र, राजेश पांडेय, रामू श्रीवास्तव आदि रहे।