झज्जर। सरकारी स्कूलों के मुखिया बिना यू-डाइस कोड का उल्लेख किए सिविल कार्यों की फाइलें मुख्यालय भेज रहे हैं, जिससे स्कूलों की पहचान करने और उनके एस्टीमेट तैयार करने में दिक्कत आ रही है। इस पर स्कूल शिक्षा निदेशालय ने पत्र जारी कर स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि सभी फाइलों के साथ स्कूल कोड अनिवार्य रूप से शामिल किया जाए।
निदेशालय ने सभी जिला शिक्षा अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि स्कूल भवनों की मरम्मत, रखरखाव और निर्माण से संबंधित प्रस्तावों में स्कूल का नाम, जिला, ब्लॉक, यू-डाइस कोड, एमआईएस कोड और स्कूल कोड की पूरी जानकारी भेजी जाए। बताया गया कि समान नाम वाले स्कूलों के कारण पहचान में भ्रम और फाइलों के निपटान में देरी हो रही है। बिना आवश्यक जानकारी वाली फाइलों पर अब विचार नहीं किया जाएगा।