फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

पूर्व पुलिसकर्मी ताऊ बोले-संजय को फर्जी मुठभेड़ में मारा

विज्ञापन
20jjrp03 नागरिक अस्पताल में संजय बिरधाना का शव देखने के लिए जुटे परिवार के सदस्य और गांव के लोग
विज्ञापन
झज्जर। कुख्यात संजय के ताऊ वीरभान जो हरियाणा पुलिस से रिटार्यड हैं उन्होंने पुलिस पर फर्जी एनकाउंटर करने के आरोप लगाए हैं। कहा कि पुलिस ने जो एफआईआर दर्ज की है। वह पुलिस की कहानी है, उसमें संजय को घटनास्थल पर पैदल दिखाया गया है पुलिस ने संजय को पहले ही गिरफ्तार कर लिया था। उसे कड़ोटा के पास ले जाकर योजना के तहत गोली मारी गई है।
विज्ञापन

कोई किसी की हत्या करने पैदल क्याें जाएगा। वहीं, परिजनों ने झज्जर में पोस्टमार्टम कराने से इन्कार करते हुए रोहतक पीजीआई में बोर्ड से कराने की मांग की थी लेकिन पुलिस ने झज्जर में ही पोस्टमार्टम कराया। चंडीगढ़ से बैलिस्टिक जांच के लिए एफएसएल टीम पहुंचने के बाद शनिवार शाम करीब पांच बजे शव का पोस्टमार्टम हो सका। इसके बाद करीब सात बजे बिरधाना में संजय का अंतिम संस्कार कर दिया गया।
सीआईए और स्पेशल स्टाफ टीम ने शुक्रवार को गांव कड़ोदा और रणखंडा के बीच शुक्रवार रात करीब आठ बजे संजय बिरधाना को एनकाउंटर में ढेर कर दिया था। पुलिस ने दावा किया कि वह अपने साले की हत्या करने के लिए कड़ोदा जा रहा था।
विज्ञापन

इसी दौरान उसकी घेराबंदी कर सरेंडर करने को कहा गया लेकिन उसने टीम पर फायरिंग कर दी। जबावी फायरिंग में वह मारा गया। कार्रवाई के दौरान सब इंस्पेक्टर संयम भी घायल हुए थे।




16 घंटे तक शव नहीं दिखाने का आरोप

परिजनों ने पुलिस पर 16 घंटे तक संजय का शव नहीं दिखाने का आरोप लगाया है। ताऊ ने बताया कि रात में परिवार के लोग अस्पताल आए थे लेकिन पुलिस ने एफएसएल जांच की बात कहते हुए शव दिखाने से इन्कार कर दिया। परिवार को शनिवार दोपहर करीब 2 बजे के बाद शव दिखाया गया।



माता-पिता को अंतिम संस्कार के लिए दो घंटे की दी मोहलत


संजय के ताऊ ने आरोप लगाया कि पुलिस ने संजय के एनकाउंटर से पहले ही उसके माता-पिता को गिरफ्तार कर लिया था ताकि वह मामले का विरोध न कर सकें। पिता मुखत्यार और माता माता धोली को पुलिस ने पहले ही गिरफ्तार कर लिया था। वह जेल में बंद थे। वकील माया नेहरा ने बताया कि अंतिम संस्कार में शामिल होने के लिए दो घंटे के लिए मोहलत दी गई।







राजकुमार सैनी सीएम से गुहार लगाते हैं और एनकाउंटर कर दिया जाता है : एडवोकेट

संजय बिरधाना की एडवोकेट माया नेहरा ने कहा कि मामले को जातिगत बनाकर कार्रवाई की गई है। कहा, कुछ दिन पहले पूर्व सांसद राजकुमार सैनी गांव में आए थे और वह मुख्यमंत्री से एनकाउंटर करने की अपील करते हैं। इसके बाद मुख्यमंत्री के झज्जर दौरे के बाद संजय का एनकाउंटर कर दिया जाता है जबकि सुबाना और डीघल में भी इसी तरह की वारदात हुई थीं। उनमें अब तक एनकाउंटर नहीं किया गया है।



रास्ते को लेकर शुरू हुआ था विवाद
दुजाना और बिरधाना गांव की सीमा एक-दूसरे के साथ सटी हुई है। दुजाना निवासी विजय सैनी और संजय बिरधाना का परिवार खेत के पड़ोसी हैं। यह पूरा विवाद उन खेतों के रास्ते को लेकर हुआ था। इस विवाद में 2021 में दुजाना निवासी अनिल सैनी की हत्या की गई थी। अब 31 मई को अनिल के पिता विजय सैनी की हत्या कर दी गई। संजय अपनी पत्नी की भी हत्या का आरोपी है।
वर्जन
पुलिस पर लगाए जा रहे आरोप निराधार हैं। पुलिस ने कोई झूठ नहीं बोला है। डाॅ. राजश्री सिंह, पुलिस कमिश्नर, झज्जर

20jjrp03 नागरिक अस्पताल में संजय बिरधाना का शव देखने के लिए जुटे परिवार के सदस्य और गांव के लोग

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें