इटावा। चुनाव आयोग कुछ भी नहीं है। दिल्ली की सरकार जो इशारा कर रही है, वही चुनाव आयोग कर रहा है। यह बात बुधवार को एसआईआर की बैठक करने जिला पंचायत के सभागार पहुंचे सपा के प्रमुख महासचिव प्रो. रामगोपाल सिंह यादव ने कही।
पत्रकारों से वार्ता करते हुए उन्होंने कहा कि एसआईआर की जरूरत क्यों पड़ी। इसके पीछे दिल्ली की सत्ता में बैठे लोगों की नीयत साफ नहीं है। घुसपैठियों देश में आ गए हैं यह नया मुद्दा बना दिया है। बिहार के एसआईआर में कोई घुसपैठिया मिला नहीं। कहा कि मुख्यमंत्री ने कहा कि हम डिटेंशन सेंटर बनाएंगे जबकि इनकी मंशा साफ नहीं है।
कहा कि एसआईआर के माध्यम से जिनका वोट नहीं बन पाएगा उनसे यही कहा जाएगा कि यदि हिंदू हैं तो नेपाल से आ गए हैं, मुस्लिम हैं तो बांग्ला देश और पाकिस्तान से आ गए हैं। समय बहुत कम है इसीलिए बीएलओ दबाव में आत्महत्या कर रहे हैं। आगे सरकार यही कहेगी की नागरिकता का यही एसआईआर का प्रमाण पत्र है। वोट नहीं है तो आप इस देश के नागरिक नहीं हैं। पीएमओ कार्यालय का नाम सेवा तीर्थ कर दिया गया है, जो कुछ नहीं करते हैं वह लोग केवल नाम बदलते हैं।