डीएसपी ने नो पार्किंग में वाहन खड़ा करने पर अपने जवानों को भी नहीं बख्शा। सेक्टर 29 ट्रैफिक पुलिस लाइन में खड़े सात जवानों के स्कूटर और मोटरसाइकिलों के चालान काट दिए।
चालान कटने के बाद अब जवानों को मुसीबत हो गई है कि कहां पर वाहन खड़े करें। ट्रैफिक पुलिस के जवान ड्यूटी ज्वाइन करने और हाजिरी लगाने के लिए सेक्टर-29 ट्रैफिक लाइन जाते हैं।
जवान अपने वाहन ट्रैफिक पुलिस लाइन के अंदर खड़े कर देते हैं। शनिवार को डीएसपी साहब ट्रैफिक लाइन पहुंचे तो उन्होंने स्कूटर और बाइक खड़े देखे।
डीएसपी गाड़ी से उतरे और सात पुलिस जवानों के वाहनों के नो पार्किंग के चालान काट दिए। जवानों ने चालान का भुगतान किया और अपने-अपने वाहनों को ट्रैफिक पुलिस लाइन से बाहर पार्क किया।
आम लोग पार्किंग में खड़े करते हैं वाहन
ट्रैफिक चालानों का भुगतान करने आए लोग अपने वाहनों को ट्रैफिक लाइन के सामने बने पार्क की पार्किंग में वाहन खड़ा करते हैं।
अब उसी पार्किंग मेें ट्रैफिक पुलिस के जवान भी वाहन पार्क कर रहे हैं।
नो पार्किंग चालान 300 का
नो पार्किंग में वाहन खड़े करने वाले वाहन चालकों को 300 रुपये का भुगतान करना पड़ता है। अगर ट्रैफिक पुलिस किसी वाहन को टोईंग करती है तो एक हजार रुपये जुर्माना अलग से देना पड़ता है।
ट्रैफिक पुलिस 2011 से अगस्त 2013 तक 36,318 नो पार्किंग के चालान काट चुकी है।