समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने शनिवार को आंबेडकर जयंती के अवसर पर पार्टी मुख्यालय में स्थित लोहिया सभागार में डॉ अम्बेडकर की मूर्ति का अनावरण किया।
इस दौरान उन्होंने कठुआ और उन्नाव रेप कांड को लेकर बीजेपी की कड़ी आलोचना की। उन्होंने इन दोनों मामलों में सख्त से सख्त कार्रवाई की मांग की। साथ ही कहा कि इस इन घटनाओं में जो भी शामिल है, उस पर कार्रवाई करते हुए सरकार को एक मिशाल पेश करनी चाहिए।
दलितों और महिलाओं पर हो रहे अत्याचार पर सरकार को घेरते हुए अखिलेश ने कहा कि देश के तममा हिस्सों में दलितों और महिलाओं के खिलाफ अपराध हो रहे हैं। जहां बीजेपी की सरकार है, वहां अपराध और ज्यादा है। इस दौरान उन्होंने उत्तर प्रदेश के विभिन्न जिलों में हुए अपराध का आंकड़ा भी प्रस्तुत किया।
उन्नाव रेप के आरोपी विधायक को डीजीपी द्वारा 'माननीय' कहे जाने पर उन्होंने कहा कि पीएम कहते थे थाने में सपा के लोग हैं, आज मैं पूछता हूं कि डीजीपी की क्या भूमिका है। डीजीपी और गृह सचिव किसी पार्टी के नहीं होते।
आंबेडकर महासभा द्वारा मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को दलित मित्र सम्मान दिए जाने पर अखिलेश यादव ने कटाक्ष करते हुए कहा कि शिक्षामित्र तो मर चुके हैं, अब सीएम दलित मित्र हैं, देखते जाईये।