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UP News : प्रदेश में खुलेंगे 15 नए आवासीय राजकीय संस्कृत विद्यालय, शुरू किए गए चार डिप्लोमा पाठ्यक्रम

Wed, 05 Jul 2023 08:53 PM IST
पंकज श्रीवास्‍तव अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ

सार

माध्यमिक शिक्षा राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) गुलाब देवी ने योजना भवन में प्रेस वार्ता में यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि दो सेमेस्टर वाले इन पाठ्यक्रम में उत्तर मध्यमा (12वीं) पास या उच्च शिक्षा पास विद्यार्थी प्रवेश ले सकेंगे। इसके लिए कोई आयु सीमा नहीं है।
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माध्यमिक शिक्षा राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) गुलाब देवी - फोटो : amar ujala
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विस्तार
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माध्यमिक संस्कृत शिक्षा परिषद की ओर से नए सत्र 2023-24 से प्रदेश के मान्यता प्राप्त संस्कृत विद्यालयों में चार डिप्लोमा कोर्स शुरू किए जा रहे हैं। इसमें पुरोहित कर्मकांड, व्यावहारिक वास्तुशास्त्र, व्यावहारिक ज्योतिष व योग विज्ञानम शामिल हैं। यह पाठ्यक्रम मान्यता प्राप्त विद्यालय में सेल्फ फाइनेंस मोड़ पर चलेगा।

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माध्यमिक शिक्षा राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) गुलाब देवी ने योजना भवन में प्रेस वार्ता में यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि दो सेमेस्टर वाले इन पाठ्यक्रम में उत्तर मध्यमा (12वीं) पास या उच्च शिक्षा पास विद्यार्थी प्रवेश ले सकेंगे। इसके लिए कोई आयु सीमा नहीं है। उन्होंने कहा कि इन पाठ्यक्रम के शुरू होने से संस्कृत के विद्यार्थियों को देश ही नहीं विदेश में भी रोजगार के अवसर मिलेंगे।

उन्होंने कहा कि प्रदेश में अभी मात्र दो राजकीय विद्यालय चंदौली और भदोही में थे। अब प्रदेश सरकार वाराणसी, रायबरेली, सहारनपुर, मुजफ्फरनगर, शामली, जालौन, अमेठी, मुरादाबाद, एटा, हरदोई, गोरखपुर, अयोध्या, प्रयागराज, चित्रकूट व मथुरा सहित कुल 15 नए आवासीय राजकीय संस्कृत विद्यालय खोले जाएंगे। इसी क्रम में नए सत्र में प्रदेश में 48 संस्थानों को नई मान्यता भी दी गई है।
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गुलाब देवी ने कहा कि राजकीय और सहायता प्राप्त संस्कृत विद्यालय के कक्षा छह से आठ के विद्यार्थी को निःशुल्क किताब व मध्याह्न भोजन भी दिया जा रहा है। वहीं शिक्षकों के लिए आधुनिक शिक्षण का विशेष प्रशिक्षण भी 20 जुलाई से शुरू हो रहा है। उन्होंने कहा कि संस्कृत विद्यालयों में मूलभूत व ढांचागत विकास के लिए जहां शासन 95 फीसदी राशि दे रहा है। वहीं सांसद, विधायक भी अपनी निधि का प्रयोग कर सकते हैं।

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