हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल।
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हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल की ओर से शुरू की गई सीएम विंडो व्यक्तिगत शिकायतों के समाधान के साथ-साथ सार्वजनिक व सामाजिक मुद्दे सुलझाने में भी अहम भूमिका निभा रही है। मुख्यमंत्री के ओएसडी भूपेश्वर दयाल ने बताया कि सीएम विंडो पर भिवानी जिले के तिगड़ाना गांव की नीशू ने 6 जनवरी 2021 को शिकायत संख्या 002262 दर्ज करवाकर गांव से शराब ठेका हटवाने की मांग की थी। आठ जनवरी को सीएम विंडो ने रिपोर्ट तैयार कर भिवानी के उप आबकारी एवं कराधान आयुक्त को भेजी।
उन्होंने आबकारी निरीक्षक को मौके का मुआयना करने के लिए भेजा और शिकायत पर संज्ञान लेते हुए ठेके को दूसरी जगह शिफ्ट करवा दिया। अन्य मामले में चरखी दादरी जिले के गांव डोहकी के किसान राजेश ने शिकायत दी थी कि खरीफ-2020 के दौरान उसके खेत में कपास की कम पैदावार हुई। उसने मुआवजे का दावा किया लेकिन नहीं मिला। सीएम विंडो ने इसका संज्ञान लेते हुए प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत 6705 रुपये की अदायगी की गई। पंचकूला जिले के गांव मौली के कपिल चौहान को शिकायत के तहत गेहूं की खरीद का भुगतान करवाया गया।
गबन के मामलों में बकाया राजस्व की वसूली जारी
भूपेश्वर दयाल ने बताया कि पूर्व सरपंचों के विरुद्ध सरकारी फंड की गड़बड़ी की कईं शिकायतें मिली है। सीएम विंडो ने ऐसी शिकायतों पर संज्ञान लिया है और ‘हरियाणा पंचायती राज अधिनियम-1994’ की धारा 53 व 54 के तहत बकाया वसूलने का निर्देश दिया। चरखी दादरी जिले की ग्राम पंचायत खेड़ी बूरा के तत्कालीन सरपंच जोगिंद्र व ग्राम सचिव अनिल के खिलाफ वर्ष 2017 में गांव में 40 सोलर लाइट लगवाने में गड़बड़ी की शिकायत गांव के ही एक व्यक्ति ने की थी।
डीसी व एसडीएम की जांच में पाया कि वर्ष 2016-17 में सोलर लाइट के रेट निर्धारित नहीं किए गए थे और न ही हरेडा ने किसी एजेंसी को अधिकृत किया था। दोनों ने मिलकर 7805 रुपए प्रति लाइट की गड़बड़ी की और कुल 3,08,200 रुपये का गबन किया। 21 प्रतिशत ब्याज के साथ यह राशि 5,60,350 रुपये बनती है। डीसी चरखी दादरी को बकाया पैसे वसूलने का निर्देश दिया है। चरखी दादरी जिले के गांव मालकोष की ग्राम पंचायत की तत्कालीन सरपंच प्रोमिला देवी ने सरकारी पैसे का दुरुपयोग किया था। शिकायत की जांच में पाया गया कि सरपंच ने वर्ष 2013 से 2016 तक डी-प्लान स्कीम के 35,45,309 रुपये के गबन किया। उनसे बकाया की वसूली की जा रही है।