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80 साल की उम्र में बेटे ने मां को बेसहारा छोड़ा, 22 साल से नहीं ली कोई सुध, पढ़कर आ जाएगा रोना

Thu, 04 Oct 2018 02:07 PM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पंचकूला (हरियाणा)
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80 वर्षीय रमा महेंदु
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बच्चों को पालने में मां-बाप अपना सब कुछ लुटा देते हैं, लेकिन जब बच्चों की बारी आती है तो वह मां-बाप को बुढ़ापे में भगवान भरोसे छोड़ देते हैं। जी हां ऐसा ही मामला पंचकूला के सेक्टर-4 में सामने आया है। यहां सेक्टर-4 निवासी रमा महेंदु से उनके बेटे ने पहले घर छीन लिया फिर उन्हें तड़पने के लिए छोड़ दिया। आस पड़ोस के लोगों के सहारे जी रही बुजुर्ग मां बुधवार को मीडिया के सामने आई और अपनी आपबीती बताई। 

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उन्होंने प्रेस कान्फ्रेंस के दौरान बुधवार को आरोप लगाया कि अकेला बेटा होने के बाद भी वह उनकी देखरेख नहीं कर रहा है। उन्होंने बताया कि बेटा राजीव महेंदु खानपुर मेडिकल कॉलेज में गायनी विभाग के हेड के पद पर तैनात है। इसके बाद वह कभी मुझसे मिलने नहीं आता। मेरी उम्र 80 वर्ष हो गई है। वह मुझसे 22 साल से मिलने नहीं आया है। उन्होंने बताया कि वह सही तरीके से चल नहीं पाती हैं।

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मदद को आगे आई संस्था 

सांकेतिक तस्वीर
 बेटे ने धोखे से मकान भी अपने नाम कर लिया है। उन्होंने अपने बेटे डॉ राजीव पर आरोप लगाया कि वह उनका खर्च नहीं उठा रहा है। मकान का केवल एक कमरा उसने हमारे लिए खोला है। बाकी सभी कमरे उसने बंद कर रखे हैं। इस तरह के हालात में पड़ोस में रहने वाली महिलाएं उनकी मदद करती हैं। उन्होंने बताया कि मुझे अपने बेटे से कभी ऐसी उम्मीद नहीं थी। इसके बाद भी उसने हमारे साथ ऐसा सलूक किया। उसके पिता एसपी महेंदु की मौत 1991 में हो चुकी है। उन्हें अपनी पति की पेंशन और वृद्धा पेंशन मिल जाती है, वरना उन्हें तो खाने के भी लाले पड़ जाएं। 
 
पंचकूला के खालसा यूथ क्लब के प्रेसिडेंट विपिन प्रीत सिंह ने कहा कि महिला के बेटे ने जिस तरह से मां की बुढ़ापे में अनदेखी की है। यह बहुत गलत है। वह एसडीएम के यहां उसके खिलाफ शिकायत दर्ज करवाएंगे और महिला को उसका घर वापस दिलाएंगे। इस मौके पर संस्था के सभी लोग मौजूद रहे।

बेटे का पक्ष नहीं आ सका सामने
 खानपुर मेडिकल कॉलेज में गायनी विभाग के हेड के पद पर तैनात राजीव से उनका पक्ष जानने के लिए प्रयास किया गया लेकिन संपर्क नहीं हो सका। उनके मोबाइल पर कॉल करने के अलावा मैसेज भी छोड़ा गया। लेकिन रिस्पांस नहीं मिला। 
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