सिंगर सपना चौधरी बनाम नवाब सतपाल तंवर
- फोटो : फाइल फोटो
लाखों चाहने वालों के बीच सिंगर सपना ने जहर खाने से पहले लिखे सुसाइड नोट में जिसे मुख्य दोषी ठहराया, उसका बयान सामने आ गया है। दरअसल सतपाल तंवर वह शख्स है, जिसने फरवरी में गांव चक्करपुर में हुए कार्यक्रम के बाद सपना के खिलाफ जातिवाद का केस दर्ज करवा दिया था।
तंवर के सपना के आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया है। उन्होंने कहा है कि अगर सपना और उसके परिवार के किसी सदस्य ने उनपर आरोप लगाया है तो वह उस पर मानहानि का केस भी दर्ज कराएंगे। जब से मामला दर्ज कराया है तब से उसका न तो इस डांसर से संपर्क हुआ और न ही उसके किसी रिश्तेदार से।
मालूम चला है कि सपना ने यह रागिनी गांव चक्करपुर में गाई थी, जिसमें सपना और उसके साथियों पर रागिनी में जातिसूचक शब्द गाने पर आरोप है। सपना ने अपनी फेसबुक वॉल पर लिखा था कि मैं आप सभी से निवेदन करती हूं कि मेरे द्वारा गाई गई रागिनी 'जात-पात का सांग बिगड़ गया' लोगों की मांग पर गाई थी।
सार्वजनिक तौर पर माफी मांगती सपना
सपना चौधरी
- फोटो : सपना के फेसबुक से
निगाहें (एक नया बदलाव) सामाजिक संगठन के अध्यक्ष सतपाल तंवर ने 14 जुलाई को डांसर सपना, मोर म्यूजिक कंपनी नजफगढ़ के मालिक राजेश मोर, गायक नरदेव, मनोज चौधरी, गायिका राधा, मूल रागिनी के लेखक जगदीश चन्द्र वत्स और इनकी पूरी गायन मण्डली के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी, अब तक उसकी गिरफ्तारी नहीं हुई।
अब पुलिस उसे गिरफ्तार करने वाली थी इसलिए उसने ये आत्महत्या का खेल खेला है। दलित समाज के लोगों के प्रदर्शन के बारे में सतपाल तंवर ने बताया कि सपना ने सोशल मीडिया पर माफी मांगी थी जबकि गाना सार्वजनिक तौर पर गाया था इसलिए उसे दलित समाज के बीच आकर माफी मांगनी चाहिए थी।
गौरतलब है कि गौरतलब है कि रविवार सुबह नजफगढ़ स्थित अपने आवास पर सपना ने जहरीला पदार्थ खाकर जान देने की कोशिश की थी। परिवार वालों ने उसे निजी अस्पताल में भर्ती कराया। पांच पन्ने के सुसाइड नोट में सपना ने लिखा था कि वह जिंदगी से तंग आ चुकी है और जीना नहीं चाहती। उसने आत्महत्या के पीछे सतपाल तंवर को जिम्मेदार ठहराया था।
ये है मामला
सपना चौधरी
- फोटो : सपना के फेसबुक से
मालूम चला है कि सपना ने यह रागिनी गांव चक्करपुर में गाई थी। चक्करपुर के प्रवीण यादव ने अपने पुत्र कार्तिक के जन्म दिवस पर रागिनी कार्यक्रम का आयोजन किया था।
जिसमें सपना और उसके साथियों पर रागिनी में जातिसूचक शब्द गाने, राष्ट्रीय एकता को आघात पहुंचाने, जातियों-धर्मों के बीच शत्रुता उत्पन्न करने, शांति भंग करने, नशे में रागिनी गाकर लोगों को शर्मिंदा करने, जातीय और धार्मिक सौहार्द बिगाडने और देशद्रोह जैसे गम्भीर आरोप हैं।
चक्करपुर गांव के प्रवीण यादव ने बताया कि उन्होंने अपने बेटे के जन्म दिवस पर सपना को बुलवाया था लेकिन उन्हें ये नहीं मालूम था कि वह अनुसूचित जातियों सहित सभी पिछड़े वर्ग को अपमानित करेगी।
प्रवीण ने कहा कि हम पुलिस और नवाब सतपाल तंवर का सहयोग करेंगे। सपना को उसके किये की सजा मिलनी चाहिए। इस बीच प्रजापत समाज, सैनी समाज आदि लोगों ने भी सपना की जल्द गिरफ्तारी की मांग की है और निगाहें टीम को अपना समर्थन दिया है।