कैप्टन ने कहा कि अब पंजाब को दिल्ली से चलाया जा रहा है। उन्होंने आगे कहा कि सीएम के रूप में उन्होंने अपने स्वयं के मंत्रियों को नियुक्त किया था, क्योंकि वे उनमें से प्रत्येक की क्षमता को जानते थे। उन्होंने सवाल किया कि वेणुगोपाल या अजय माकन और रणदीप सुरजेवाला जैसे कांग्रेस नेता कैसे तय कर सकते हैं कि कौन किस मंत्रालय के लिए अच्छा है।
उन्होंने राज्य में नए नेतृत्व की पसंद को निर्धारित करने वाले जातिगत विचारों के स्पष्ट संदर्भ में कहा कि हमारे धर्म हमें सिखाते हैं कि सभी समान हैं। मैं लोगों को उनकी जाति के आधार पर नहीं देखता, उनकी दक्षता देखी जाती है।
कैप्टन ने साफ कर दिया कि वह अपनी उम्र को बाधा के रूप में नहीं देख रहे। लोगों को उपलब्ध नहीं होने के आरोपों पर कैप्टन ने कहा कि वह सात बार विधानसभा और दो बार संसद के लिए चुने जा चुके हैं। उन्होंने कहा कि कांग्रेस नेतृत्व ने स्पष्ट रूप से (पंजाब में) बदलाव करने का फैसला कर लिया था और इस तरह एक मामला बनाने की कोशिश की गई है।
बेअदबी और नशीली दवाओं के मामलों में बादल और मजीठिया के खिलाफ मनमानी कार्रवाई नहीं करने की शिकायतों का जिक्र करते हुए पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि वह कानून को अपना काम करने देने में विश्वास करते हैं।
उन्होंने आगे कहा कि अब ये लोग जो मेरे खिलाफ शिकायत कर रहे थे, सत्ता में हैं, अगर वे कर सकते हैं तो अकाली नेताओं को सलाखों के पीछे फेंक दें! खनन माफिया में शामिल मंत्रियों के खिलाफ कार्रवाई नहीं करने के आरोप पर सिद्धू एंड कंपनी पर तंज कसते हुए कैप्टन ने चुटकी लेते हुए कहा, अब वही मंत्री इन नेताओं के साथ हैं!
सिद्धू के नेतृत्व में दोहरे अंक में भी जीत न सकेगी कांग्रेस
चरणजीत सिंह चन्नी के कार्यक्षेत्र में सिद्धू के स्पष्ट हस्तक्षेप पर कटाक्ष कर पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि पीपीसीसी को सिर्फ पार्टी मामलों पर फैसला करना चाहिए। कैप्टन ने कहा कि मेरे पास एक बहुत अच्छा प्रदेश अध्यक्ष था। मैंने उनकी सलाह ली लेकिन उन्होंने मुझे यह कभी नहीं बताया कि सरकार कैसे चलाई जाती है।
उन्होंने कहा कि सिद्धू जिस तरह से शर्तों को तय कर रहे है, उस पर चन्नी तो बस सिर हिला रहे हैं। उन्होंने इसे पंजाब के लिए एक दुखद स्थिति करार दिया औ कहा कि सिद्धू, जो अपना मंत्रालय नहीं संभाल सकते, वह कैबिनेट का प्रबंधन कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि अगर सिद्धू सुपर सीएम के रूप में व्यवहार करते हैं तो पार्टी काम नहीं करेगी। उन्होंने कहा कि इस ड्रामा मास्टर के नेतृत्व के तहत, यह एक बड़ी बात होगी अगर कांग्रेस पंजाब चुनाव में दोहरे अंकों को छूने में कामयाब रही।
चन्नी बुद्धिमान लेकिन अनुभवहीन: कैप्टन
कैप्टन ने कहा कि चन्नी बुद्धिमान और शिक्षित हैं लेकिन दुर्भाग्यवश उन्हें गृह मामलों के प्रबंधन का कोई अनुभव नहीं है, जो पंजाब के लिए महत्वपूर्ण है। पंजाब पाकिस्तान के साथ 600 किमी की सीमा साझा करता है और हालात अधिक से अधिक गंभीर होते जा रहे हैं। पाकिस्तान से पंजाब में आने वाले हथियारों और गोला-बारूद की मात्रा खतरनाक है।
उन्होंने एक बार फिर सिद्धू को पाक नेतृत्व के साथ घनिष्ठ व्यक्तिगत संबंधों के लिए आड़े हाथों लिया। नए सीएम द्वारा बिजली बिल माफ करने की घोषणा पर कैप्टन ने कहा कि चन्नी ने पूर्व वित्त मंत्री के साथ इस पर चर्चा की होगी और उन्होंने कुछ सोचा होगा। मुझे आशा है कि वे राज्य को दिवालिया नहीं करेंगे।