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प्रोगेसिव एग्रीकल्चर लीडरशिप समिट- 2021: पराली प्रबंधन में पंजाब नंबर वन, कृषि विभाग को पुरस्कार मिला

Sun, 19 Dec 2021 06:01 PM IST
ajay kumar न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़

सार

पंजाब के लिए अच्छी खबर है। कृषि विभाग को फसल अवशेष प्रबंधन में पहला स्थान मिला है। पंजाब में पराली की समस्या के बीच यह खबर राहत भरी है। सरकार के प्रयासों का असर जमीनी स्तर पर हो रहा है। 
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फाइल फोटो - फोटो : पीटीआई
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विस्तार
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पंजाब के कृषि विभाग को बेहतर फसल अवशेष प्रबंधन के लिए पहला स्थान मिला है। प्रोगेसिव एग्रीकल्चर लीडरशिप समिट-2021 में पंजाब कृषि विभाग को पुरस्कार दिया गया है। पंजाब कृषि विभाग के संयुक्त निदेशक सुशील कुमार ने रविवार को समिट में यह पुरस्कार प्राप्त किया। पंजाब सरकार ने पराली के प्रबंधन के लिए सहकारी (पीएसीएस), ग्राम पंचायतों, एफपीओ, रजिस्टर्ड किसान समूहों और व्यक्तिगत किसानों को 86000 से अधिक मशीनें प्रदान की हैं। 

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पंजाब के किसानों को ट्रेनिंग कैंपों, दीवार पेंटिंग, स्कूली बच्चों की वाद-विवाद, निबंध लेखन प्रतियोगिता, पोस्टर लेखन प्रतियोगिता, फील्ड में मशीनरी प्रदर्शन के द्वारा और मोबाइल वैन आदि के गांव गांव जाकर अभियान चला कर पराली जलाने के खतरे को रोकने के लिए किसानों को भी जागरूक किया जाता है।

राज्य ने प्रोग्रेसिव एग्रीकल्चर लीडरशिप समिट 2021 के दौरान पराली प्रबंधन के द्वारा सतत कृषि विकास के प्रयासों को मान्यता दी है। कृषि उद्यमी कृषक विकास चैंबर ने डॉ. यशवंत सिंह परमार यूनिवर्सिटी ऑफ हॉर्टिकल्चर एंड फॉरेस्ट्री (यूएचएफ), नौनी और सिक्किम स्टेट कोऑपरेटिव सप्लाई एंड मार्केटिंग फेडरेशन लिमिटेड के सहयोग से विश्वविद्यालय में प्रोग्रेसिव एग्रीकल्चर लीडरशिप समिट-2021 करवाया गया।
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इस सम्मेलन के दौरान मुख्य अतिथि पुरुषोत्तम रूपाला, केंद्रीय मत्स्य पालन और पशुपालन मंत्री, वीरेंद्र कंवर, राज्य के कृषि मंत्री, जेपी दलाल, हरियाणा के कृषि मंत्री सहित सम्मानित अतिथि उपस्थित थे। इसके अलावा मेजबान विश्वविद्यालय के डॉ परविंदर कौशल और हिसार, जम्मू और बरेली के चार विश्वविद्यालयों के कुलपतियों के साथ-साथ कृषि-क्षेत्र के प्रतिनिधि और पंजाब, हरियाणा और हिमाचल प्रदेश के कृषि और मत्स्य पालन विभागों के नीति निर्माता भी मौजूद रहे।

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