इस तरह अंजाम दिया गया आतंकी हमला
- लखबीर सिंह लांडा मुख्य साजिश कर्ता है।
- निशान सिंह ने लांडा के निर्देश पर तरनतारन में तय स्थान से रॉकेट चलित ग्रेनेड प्राप्त किया।
- बलजिंदर उर्फ रैंबो ने निशान सिंह के कहने पर चरथ सिंह और उसके दो साथियों को ग्रेनेड व एके 47 पहुंचाया।
- अमृतसर में कंवरजीत बाठ और बलजीत कौर ने आरपीजी दागने वाले दो आरोपियों को ठहराने में मदद की
- निशान सिंह का साला अनंत दीप आरोपियों को रसद व अन्य चीजें मुहैया करवाता था।
- मोहाली के जगदीप सिंह और चरथ सिंह ने खुफिया मुख्यालय की रेकी की।
- दस मई को चरथ सिंह ने अन्य दो आरोपियों के साथ मिलकर खुफिया मुख्यालय पर आरपीजी दागा।
कौन है लखबीर सिंह लांडा
लखबीर सिंह लांडा (33) तरनतारन का मूल निवासी है और पुराना गैंगस्टर है। पुलिस का दबाव बढ़ने पर वह 2017 में कनाडा भाग गया था। उसके खिलाफ दर्जनों आपराधिक मामले दर्ज हैं। वह कनाडा में रहकर पंजाब में डॉक्टरों, व्यापारियों और गायकों को वसूली के लिए धमकाता रहा है। पाकिस्तान में छिपे वांछित गैंगस्टर हरविंदर सिंह उर्फ रिंदा का वह करीबी सहयोगी है, जो पाकिस्तान में वधावा सिंह और आईएसआई की साठगांठ के तहत सक्रिय है। लंडा ने रिंदा और वधावा सिंह के जरिये बब्बर खालसा इंटरनेशनल के साथ हाथ मिलाया था। लंडा के खिलाफ पिछले साल भी पंजाब में वसूली के कई मामले दर्ज हुए हैं।