चंडीगढ़। कोरोना का टीका पूरी तरह सुरक्षित है। इसे लगाने के बाद कोई भी बड़ी समस्या नहीं होती। सिर्फ सिर दर्द, बदन दर्द, हल्का बुखार जैसी छोटी-मोटी परेशानियां होती हैं। कोरोना टीकाकरण को लेकर लोगों के मन से डर भगाने व गलत अवधारणाओं को निकालने के लिए पीजीआई के विशेषज्ञों ने अध्ययन किया है। इसके परिणामस्वरूप यह बात सामने आई है कि टीका लगवाने के बाद न तो कोई गंभीर दुष्प्रभाव होने का खतरा है न ही जान जाने का डर। इसलिए संक्रमण से बचाव के लिए सभी को बिना डरे जल्द से जल्द टीका लगवाना चाहिए।
पीजीआई के विभिन्न विभागों के विशेषज्ञ द्वारा मिलकर किए अध्ययन में पीजीआई के ही 1036 स्वास्थ्य कर्मियों व अग्रिम पंक्ति के कर्मचारियों को शामिल किया गया है। जिन्होंने टीका लगवाने के बाद अपने फीडबैक में हुई परेशानी के बारे में विस्तृत ब्योरा दिया है। उनके द्वारा मिली जानकारी के आधार पर यह निष्कर्ष सामने आया है कि उन सभी से किसी को भी टीका लगवाने के बाद अस्पताल में भर्ती होने की नौबत नहीं आई। सभी टीका लगवाने के 24 घंटे के बाद ठीक थे। अध्ययन में शामिल लोगों में से 94.7 प्रतिशत ने जल्द से जल्द टीका लगवाने की अपील की है, जबकि महज 5 प्रतिशत ने इसे नकारा है।
देशवासियों के लिए ये अध्ययन महत्वपूर्ण
अध्ययन में शामिल एनेस्थीसिया विभाग के असिस्टेंट प्रोफेसर डॉक्टर अजय सिंह ने बताया कि कोरोना टीकाकरण को लेकर पीजीआई द्वारा किया गया यह अध्ययन देश के लिए बेहद महत्वपूर्ण है। क्योंकि अब तक बाहर के देशों ने टीके को लेकर शोध व अध्ययन किए थे, लेकिन पहली बार देश में देश की जनता पर टीका लगवाने के बाद होने वाली परेशानियों का आकलन किया गया है। इसका असर लोगों पर व्यापक स्तर पर पड़ेगा। पीजीआई के इस अध्ययन को इंडियन जनरल ऑफ मेडिकल रिसर्च ने स्वीकृति दे दी है।
इनसेट-
अध्ययन के मुख्य बिंदु ये हैं
कुल संख्या- 1036
18 से 44 साल वाले- 752
45 से 59 साल वाले- 251
60 साल से ज्यादा उम्र वाले- 33
महिलाएं- 540
पुरुष- 496
शामिल वर्ग- डॉक्टर, नर्सिंग स्टाफ, पैरामेडिकल स्टाफ, प्रशासनिक कर्मचारी।
981 ने कहा जरूर लगवाएं टीका।
पीजीआई के इन विभागों ने मिलकर किया अध्ययन
इस अध्ययन को करने में पीजीआई के नर्सिंग विभाग, नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ नर्सिंग एजुकेशन, एनेस्थीसिया एवं गहन चिकित्सा विभाग, स्त्री एवं प्रसूति रोग विभाग, इंटरनल मेडिसिन, बाल रोग विभाग, सामुदायिक चिकित्सा, हॉस्पिटल एडमिनिस्ट्रेशन व नेत्र रोग विभाग के विशेषज्ञ शामिल हैं।
कोट-
चंडीगढ़ में कोरोना संक्रमण से बचाव के लिए कोविशिल्ड का टीका लगाया जा रहा है। लोगों के मन से गलत अवधारणा को दूर करने के लिए ही पीजीआई ने यह अध्ययन किया है। इसके परिणाम यह साबित करते हैं कि कोविशिल्ड लगवाने से किसी गंभीर समस्या के होने का खतरा न के बराबर होता है। जो हल्की समस्याएं होती हैं वह कुछ घंटों के बाद दूर हो जाती हैं। इसलिए जिन लोगों ने अभी टीका नहीं लगवाया है वह जल्द से जल्द टीका लगवाकर खुद को सुरक्षित कर लें।
-प्रो. जीडी पुरी, डीन एकेडमी व पीजीआई में कोविड प्रबंधन के चेयरमैन