ओट क्लीनिक नशा मुक्ति केंद्र के कर्मियों ने सोमवार को अपनी मांगों को लेकर हड़ताल कर दी। जिसके चलते वहां नशा छोड़ने की दवा लेने जाने वाले युवाओं ने हंगामा किया। वह गुस्से में दीवार फांदने के बाद गेट खोलकर नशा मुक्ति केंद्र के अंदर चले गए। केंद्र के भीतर मौजूद कर्मियों के साथ युवाओं की बहसबाजी भी हुई। जिसके बाद नशा मुक्ति केंद्र के कर्मियों ने युवाओं को एक गोली दवा की दे दी।
स्थानीय सिविल अस्पताल में बने नशामुक्ति केंद्र में सोमवार को दवाई लेने आए लोगों को उस समय मुश्किल का सामना करना पड़ा जब केंद्र में कार्यरत कर्मचारियों ने हड़ताल के चलते उन्हें दवाई देने से इंकार कर दिया। इससे लोग भड़क उठे और उन्होंने तहसील रोड पर बने रेलवे ओवरब्रिज पर धरना देकर बरनाला-जालंधर हाईवे पर जाम लगा दिया।
जाम के चलते राहगीरों को काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ा। प्रदर्शनकारियों और राहगीरों में काफी तकरार भी देखने को मिली। दो घंटे तक जाम के दौरान सड़क के दोनों तरफ वाहनों की लंबी कतार लग गई। धरनाकारियों में शामिल लाली दविंदर सिंह, जोगिंदर सिंह, गुरबचन सिंह, सुखविंदर सिंह, कुलदीप सिंह ने बताया कि वह पिछले एक सप्ताह से लगातार नशामुक्ति केंद्र में दवाई लेने के लिए चक्कर काट रहे और सोमवार को भी सभी सुबह साढ़े पांच बजे से लाइन में लगकर केंद्र के बाहर खड़े दवाई का इंतजार कर रहे हैं।
नशामुक्ति केंद्र में तैनात कर्मियों द्वारा हड़ताल का बहाना बनाकर हमें दवाई नहीं दी जा रही। दवाई न मिलने के कारण हमारी हालत बिगड़ रही है, जिस कारण हमें मजबूर होकर धरना देना पड़ा। धरने की खबर मिलते ही थाना सिटी की एसएचओ अर्शप्रीत कौर ग्रेवाल मौके पर पहुंचीं और प्रदर्शनकारियों को समझाते हुए उन्हें धरना समाप्त करने की अपील की।
प्रदर्शनकारियों द्वारा एसएचओ सिटी अर्शप्रीत कौर को साफ शब्दों में कहा कि जब तक उन्हें दवाई नहीं मिलती उनका धरना प्रदर्शन इसी तरह चलता रहेगा। जिसके बाद एसएचओ सिटी अर्शप्रीत कौर ग्रेवाल ने एसडीएम जगरांव विकास हीरा एवं सिविल अस्पताल के एसएमओ डॉ. प्रदीप महिंद्रा से फोन पर बात की। इसके बाद सिविल अस्पताल के एसएमओ डॉ. प्रदीप महिंद्रा ने लोगों को दवाई मुहैया करवाने को कहा। जिसके बाद धरना प्रदर्शन खत्म किया गया। सिविल अस्पताल के एसएमओ डॉ. महिंद्रा द्वारा नशामुक्ति केन्द्र के कर्मियों की हड़ताल के चलते सिविल अस्पताल के स्टाफ द्वारा ही लोगों को दवाई मुहैया करवाई गई।