ईटीपीबी पाकिस्तान सरकार की सांविधानिक संस्था है। इसका गठन विभाजन के बाद किया गया था। यह संस्था हिंदू और सिखों के उन धार्मिक ट्रस्टों का संचालन करती है, जो पाकिस्तान में हैं। इसके अलावा ईटीपीबी धार्मिक, शिक्षण संस्थाएं भी चलाती है। 1996 में पाकिस्तान के तत्कालीन प्रधानमंत्री नवाज शरीफ ने पाकिस्तान स्थित गुरुद्वारा साहिबान के रखरखाव के लिए पीएसजीपी का गठन किया था। उस समय भी एसजीपीसी ने पाकिस्तान सरकार का कड़ा विरोध किया था। पीएसजीपीसी के गठन के बाद एसजीपीसी का पाकिस्तान स्थित गुरुद्वारा साहिब में दखल पूरी तरह बंद हो गया था।
वहीं पीएसजीपीसी के गठन के बाद भी ईटीपीबी का गुरुद्वारा साहिब के संचालन में पूरा दखल रहा। ईटीपीबी पीएसजीपीसी के अध्यक्ष और कार्यकारिणी सदस्यों को मोहरा बना कर गुरुद्वारा साहिबान का अप्रत्यक्ष रूप से संचालन करती रही है। गुरु साहिबान के प्रकाश पर्वों को लेकर पीएसजीपीसी की जितनी भी बैठकें होती हैं, उनमें ईटीपीबी के अधिकारी व पदाधिकारी मौजूद होते थे। पीएसजीपीसी के अध्यक्षों और कार्यकारिणी सदस्यों की नियुक्ति भी ईटीपीबी द्वारा की जाती है।