जालंधर का स्वास्थ्य विभाग मंकीपॉक्स से जंग को तैयार है। मंकीपॉक्स से बचने के लिए सतर्क विभाग ने जालंधर के बस्ती गुजां स्थित सीएचसी में वार्ड स्थापित कर दिया है। फिलहाल मंकीपॉक्स का कोई भी संदिग्ध मामला जिले में नहीं मिला है। वहीं जिले में कोविड का सिर्फ एक ही मरीज है, अन्य मरीज स्वस्थ होकर जा चुके हैं।
जिले में डेंगू का कोई मरीज नहीं है, क्योंकि स्वास्थ्य विभाग पिछले तीन माह से डेंगू के प्रति लोगों को जागरूक करने के साथ घरों और सरकारी दफ्तरों में जांच भी कर रहा है और बड़े स्तर पर डेंगू का लारवा नष्ट किया है। स्वास्थ्य विभाग की टीमें जिले में विभिन्न स्थानों पर जाकर लोगों को कोरोना, डेंगू और मलेरिया के बारे में जागरूक कर रही हैं। वहीं एंटी डेंगू लारवियल स्प्रे भी किया जा रहा है। दूसरी तरफ कोविड के मामलों में बढ़ोतरी के देखते हुए सैंपलिंग में वृद्धि की गई है और गुरुवार को 90 लोग कोविड टेस्ट करवाने पहुंचे।
सिविल सर्जन डॉ. रमन शर्मा और शहीद बाबू लाभ सिंह सिविल अस्पताल जालंधर के मेडिकल सुपरिंटेंडेंट डॉ. राजीव शर्मा ने कहा कि विभाग बीमारियों से लड़ने को तैयार है और देश में मंकीपॉक्स को मामले को देखते हुए बैठक के बाद वार्ड स्थापित किया गया है। मंकीपॉक्स का कोई संदिग्ध
केस नहीं है लेकिन स्वास्थ्य विभाग लोगों को जागरूक कर रहा है।
जिले में कोविड का सिर्फ एक मरीज है, जबकि डेंगू का कोई मामला नहीं है। सार्वजनिक स्थानों में लोगों को मास्क लगाकर रखने और साफ पानी को आसपास जमा न होने देने के बारे में जागरूक किया जा रहा है। साथ ही किसी तरह की एलर्जी होने पर तुरंत डॉक्टरों को दिखाने की सलाह दे रहे हैं, ताकि पहले चरण में ही बीमारी का पता चल सके।