कोरोना में निकले बीते वर्ष को न तो हरियाणा की जनता भूली है और न ही सरकार। जतना को व्यापार और कारोबार में घाटा उठाना पड़ा है, वहीं सरकार को राजस्व में हानि हुई है। अब प्रदेश को नए सिरे से खड़ा करने के लिए 2021 में जनता और कर्मचारियों को सरकार से उम्मीद है। साथ ही सरकार का आय के साधन बढ़ाने पर भी जोर रहेगा।
सरकार इस जद्दोजहद में है कि समय रहते 12 हजार करोड़ का राजस्व में घाटा पूरा कर लिया जाए। घाटे का असर पेंशन पर पड़ रहा है और कई विकास कार्य रुके हैं। ऐसे में जितनी जल्द यह राजस्व प्राप्त होगा उतनी तेजी से विकास होगा।
किसानों का आंदोलन शांतिपूर्ण ढंग से हरियाणा की धरती पर ही चल रहा है, लिहाजा नए साल में किसानों को सरकार से उनकी सुनवाई की उम्मीद है। बातचीत का दौर जारी है, लेकिन किसानों का धरना अडिग है। अब किसानों ने पतंजलि के उत्पादों का भी बहिष्कार करने का मन बना लिया है। किसान आंदोलन को लेकर दबाव महसूस कर रही जजपा और भाजपा दोनों के लिए यह जरूरी है कि आंदोलन जल्द समाप्त हो जाए और किसान नए साल में अपने घर के लिए लौट जाएं, लेकिन किसान इस बार कुशल रणनीतिकार की तरह अपनी बात पर अड़े हैं।
पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने सरकार के सामने अविश्वास प्रस्ताव लाने का मूड बना लिया है। हुड्डा का कहना है कि सरकार विधानसभा का सत्र बुलाने से डर रही है,सरकार को खतरा है कि उसके खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव न आ जाए।
2021 की उम्मीदें
-हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल को उम्मीद है कि प्रदेश की जनता को कोरेाना से जल्द छुटकारा मिलेगा। उन्होंने कहा है कि कोरोना का ग्राफ धीरे-धीरे कम हो रहा है। हरियाणा सरकार की कार्यकुशलता के कारण ही ऐसा संभव हो सका है। नए साल में नई योजनाओं को मूर्त रूप मिलेगा। सरकार की सबसे महत्वाकांक्षी योजना एक लाख गरीब परिवारों को सक्षम बनाने की है। जिससे ऐसे परिवारों की प्रतिमाह की आय कम से कम नौ हजार अवश्य हो और वे जीवन यापन ढंग से कर सकें।
-आने वाले समय में सरकार यह प्रयास कर रही है कोई भी व्यक्ति किसी भी स्थान से जमीन की रजिस्ट्री करवा सके। इसके लिए अधिकारियों को दिशा निर्देश दिए गए हैं। केरोसीन फ्री हरियाणा करने के बाद सरकार ई आफिस बनाने की ओर अग्रसर है। इस कवायद के जरिए भ्रष्टाचार पर लगाम लगाने का इरादा है।
-डिजिटल हरियाणा को केंद्र सरकार ने सम्मान से नवाजा है। 2021 में कई ऐसी सेवाएं हैं जो डिजिटल हो जाएंगी। सरकार ने बिजली बिल, पानी के बिल, सचिवालय के पास सहित कई ऐसे काम किए हैं। जिन्होंने डिजिटल हरियाणा के सपने को साकार किया। परिवार पहचान पत्र योजना को भी इसी साल के मध्य तक शुरू करवाने का प्रयास है।