दुष्कर्म मामले में फरार चल रहे लोक इंसाफ पार्टी के प्रधान और पूर्व विधायक सिमरजीत सिंह बैंस के भाई कर्मजीत सिंह बैंस के गिरफ्तार होने के बाद कमिश्नरेट पुलिस ने बैंस के निजी पीए और नजदीकी साथी सुखचैन सिंह को भी गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी सुखचैन सिंह भी उन आरोपियों में शामिल था, जिन्हें अदालत ने भगोड़ा करार दिया था।
पुलिस ने आरोपी सुखचैन को अदालत में पेश किया। जहां से उसे दो दिन के पुलिस रिमांड पर भेज दिया गया। इससे पहले सिमरजीत सिंह बैंस के भाई कर्मजीत बैंस को भी अदालत से दो दिन का पुलिस रिमांड मिला था। बताया जा रहा है कि पूर्व विधायक सिमरजीत सिंह बैंस भी दुष्कर्म मामले में किसी भी समय आत्मसमर्पण कर सकते हैं।
पुलिस टीमें बैंस के भाई और उसके नजदीकी साथी सुखचैन सिंह से पूछताछ कर फरार चल रहे बैंस का पता लगाने में जुटी हैं। दुष्कर्म मामले में पूर्व विधायक सिमरजीत सिंह बैंस की मुश्किलें लगातार बढ़ती ही जा रही हैं। अदालत की ओर से भगोड़ा करार दिए जाने के बाद लगातार उन पर शिकंजा कसता जा रहा है। पिछले करीब चार महीने से भगोड़ा करार दिए जाने के बाद से ही पूर्व विधायक सिमरजीत सिंह बैंस के साथ-साथ उनके भाई, महिला साथी और पीए भी फरार चल रहे थे।
बीते दिन पूर्व विधायक के भाई कर्मजीत सिंह बैंस ने आत्मसमर्पण किया तो दूसरे ही दिन कमिश्नरेट पुलिस ने पूर्व विधायक के निजी सचिव और नजदीकी साथी सुखचैन सिंह को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने दबिश देकर सोमवार को सुबह मालेरकोटला से गिरफ्तार कर लिया। सिमरजीत बैंस समेत फरार चल रहे 6 भगोड़ों में से दो को पुलिस ने पकड़ लिया है, जबकि सिमरजीत बैंस के आत्मसमर्पण की संभावना जताई जा रही है।
भगोड़ा घोषित होने के बाद से ही बैंस और उनके साथी फरार चल रहे थे। पुलिस कमिश्नरेट लगातार सभी आरोपियों की तलाश में थी। सूत्रों से पता चला है कि सिमरजीत सिंह बैंस के निजी सचिव सुखचैन सिंह के बारे में कर्मजीत सिंह ने पुलिस को पूछताछ के दौरान बताया था कि वह मालेरकोटला में छिपा है। कर्मजीत सिंह से पूछताछ के बाद आरोपी सुखचैन की गिरफ्तारी के लिए पुलिस मलेरकोटला पहुंची, जहां से उसे गिरफ्तार कर लिया। थाना डिविजन छह की पुलिस आरोपियों से पूछताछ कर फरार चल आरोपियों की तलाश में जुट गई हैं।