बठिंडा में मिला लावारिश सूटकेश।
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
शनिवार सुबह करीब साढ़े नौ बजे शहर के जीटी रोड पर स्थित वादी अस्पताल के पास एक लावारिस अटैची मिली। जिसमें बम होने की अफवाह चंद मिनट में पूरे शहर में फैल गई। शहरवासियों और आसपास के दुकानदारों में दहशत का माहौल पैदा हो गया। अटैची की सूचना पुलिस कंट्रोल रूम में मिलने के बाद थाना कोतवाली, पीसीआर समेत पुलिस की अन्य टीम मौके पर पहुंची और पूरे इलाके को सील कर दिया।
वहीं आसपास की दुकानें बंद करवाकर लोगों को वहां से हटा दिया। इसके बाद पुलिस की बम व डाग स्क्वायड की टीमें घटनास्थल पर पहुंचीं और अपनी जांच शुरू कर दी। सबसे पहले डाग स्क्वायड की टीम ने घटनास्थल का जायजा लिया और डाग को लावारिस बैग के पास ले जाकर उसकी अच्छी तरह से जांच पड़ताल की।
अटैची में कोई विस्फोटक पदार्थ की गंध नहीं आने के बाद बम स्क्वायड ने जायजा लिया। बम स्क्वायड की तरफ से अटैची की अच्छी तरह से जांच पड़ताल करने के बाद उसे सुरक्षित तरीके से उठाकर एक गाड़ी में डाला गया और फिर से बड़ी मुश्किल से खोला गया, ताकि कोई ब्लास्ट ना हो सके। जब टीम ने अटैची को खोला तो उसमें कुछ कागज, एक कंघा और अन्य सामान मिला। जिसे देखकर अंदाजा लगाया जा रहा है कि इस अटैची को कोई भूल गया या फिर किसी ने जानबूझकर शरारत की है।
पुलिस अटैची में मिले कागजात के आधार पर मालिक को तलाशने में जुटी है। वहीं घटनास्थल के आसपास स्थित दुकानों और अस्पतालों के बाहर लगे सीसीटीवी कैमरे की फुटेज भी खंगाली जा रही हैं। अटैची में बम जैसा कुछ भी नहीं मिलने के बाद पुलिस के साथ-साथ शहरवासियों ने भी चेन की सांस ली। वहीं दूसरी तरफ चिंता वाली बात यह है कि पिछले पांच माह में यह तीसरी घटना है, जिसमें शहर से इस प्रकार के लावारिस अटैची और बैग रखकर बम होने की अफवाह फैली गई है, जोकि जांच का विषय है, चूकिं बार-बार इस प्रकार की झूठी अफवाह फैलना और लावारिस बैग का मिलना कहीं ना कहीं खतरे की तरफ इशारा है। थाना कोतवाली के प्रभारी इंस्पेक्टर नरिंदर सिंह का कहना है कि अटैची में कुछ भी विस्फोटक पदार्थ नहीं मिला। अटैची में एक कंघा, जालंधर से बठिंडा सामान भेजने का बिल था। पुलिस टीम इसकी जांच कर रही और पता करने की कोशिश कर रही है कि यह अटैची किसकी है।