चंडीगढ़ एस्टेट ऑफिस में रिसेप्शन पर काम प्रभावित देख सवाल पूछते कार्यकारी डीसी यशपाल गर्ग।
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चंडीगढ़ एस्टेट ऑफिस की कार्यप्रणाली में बदलाव के बाद गुरुवार को एस्टेट ऑफिसर कम डीसी यशपाल गर्ग ने सभी ब्रांचों का दौरा किया। इस दौरान वह एस्टेट ऑफिस के रिसेप्शन पर पहुंचे। यहां तीन महिला कर्मचारी काफी देर से आपस में बात करती दिखीं, जिसे काम में लापरवाही मानते हुए गर्ग ने तीनों से जवाब तलब किया है।
यशपाल गर्ग ने इस संबंध में विस्तृत आदेश भी जारी किया है। लिखा है कि गुरुवार दोपहर करीब 12:15 बजे वह एस्टेट ऑफिस के रिसेप्शन पर पहुंचे। उन्होंने देखा कि एक काउंटर पर लोगों की लाइन लगी थी लेकिन वहां तैनात महिला कर्मचारी दो अन्य कर्मचारियों के साथ बातचीत और तेज आवाज में जोक सुनाने और हंसने में व्यस्त थीं। तैनात कर्मचारी के साथ जो अन्य दो महिला कर्मचारी थीं वह अन्य किसी विभाग की थीं। इससे रिसेप्शन का काम प्रभावित हो रहा था जबकि लाइन में लगे लोग उनकी बातों के खत्म होने का इंतजार कर रहे थे ताकि वह अपना काम करा सकें। इससे साबित होता है कि कर्मचारी न तो अपना काम कर रहीं थीं और न ही लोगों को वह सही ढंग से अटेंड कर रहीं थीं। इस तरह के व्यवहार से लोगों के मन में एस्टेट ऑफिस के प्रति गलत धारणा बनती है इसलिए इन तीनों कर्मचारियों से जवाब तलब किया गया है ताकि उनके खिलाफ कार्रवाई की जा सके। इसकी जिम्मेदारी असिस्टेंट एस्टेट ऑफिसर-3 राजीव तिवारी को दी गई है।
बदलाव से लोग खुश, ईमेल कर कहा- एक दिन में दो काम हुए, चाय के लिए शुक्रिया
एस्टेट ऑफिस में हुए बदलाव से लोग भी काफी खुश नजर आ रहे हैं। नई व्यवस्था से खुश एक नागरिक ने डीसी को ईमेल लिखकर कहा है कि अप्वाइंटमेंट के स्लॉट बढ़ाने से लोगों को आसानी हो रही है। आगे लिखा है कि उन्होंने गुरुवार को ईओ काउंटर पर दो फाइलें जमा कराईं और हाल में हुए बदलाव को महसूस किया। कहा कि स्लॉट बढ़ने से अब ऑनलाइन अप्वाइंटमेंट भी उपलब्ध है जबकि पहले 15 दिनों की वेटिंग लिस्ट होती थी। साथ ही उन्होंने चाय से हुए स्वागत के लिए अधिकारियों का धन्यवाद किया।
दो दिनों में ये हुए हैं बदलाव
अप्वाइंटमेंट के स्लॉट 24 स्लॉट से बढ़ाकर प्रतिदिन 48 कर दिए गए हैं। वर्तमान में डाटा एंट्री में गलती के चलते एप्लीकेशन वापस भेज दी जाती है तो आवेदक को दोबारा अप्वाइंटमेंट लेने के लिए 10 से 15 दिन का इंतजार करना पड़ता था। अब गलती को उसी दिन ठीक किया जा रहा है। इसके अलावा लोगों को चाय पिलाकर उनका स्वागत किया जा रहा है। लोग अब अफसरों से रोजाना दोपहर 12 बजे से एक बजे के बीच अधिकारियों से मिल सकेंगे जबकि पहले सिर्फ सोमवार, मंगलवार और वीरवार को पब्लिक मीटिंग की अनुमति थी।