पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने आय से अधिक संपत्ति के मामले में वरिष्ठ आईएएस अधिकारी संजय पोपली को बड़ी राहत देते हुए उनकी नियमित जमानत याचिका को मंजूर कर लिया है। इससे पहले भ्रष्टाचार के मामले में हाईकोर्ट उन्हें नियमित जमानत दे चुका है।
पंजाब विजिलेंस ब्यूरो ने गत वर्ष जून में आईएएस अधिकारी संजय पोपली को भ्रष्टाचार के मामले में गिरफ्तार करने के बाद उनके चंडीगढ़ स्थित आवास की तलाशी ली थी। आरोप के अनुसार इस दौरान आवास से सोने की 9 ईंटें, 49 बिस्कुट, 13 सिक्के, चांदी की ईंटें, 18 सिक्के, 2 स्मार्ट घड़ियां, स्मार्टफोन और 3.50 लाख रुपये मिले थे।
छापे के दौरान ही गले के तीन हार, तीन जोड़ी टॉप्स, सोने का ब्रेसलेट, 24 कैरेट सोने का सिक्का, एक डायमंड सफेद गोल्ड रिंग, सोने के दो छोटे कंगन, सोने की चूड़ियां, चांदी की प्लेट समेत काफी सामान मिला था। बैंक खातों में भी काफी रकम होने की जानकारी मिली थी। विजिलेंस ने इस संपत्ति का स्रोत पता न चलने पर आय से अधिक संपत्ति का नया मामला दर्ज कर लिया था।
भ्रष्टाचार के मामले में पोपली को बीते दिनों हाईकोर्ट से नियमित जमानत मिल गई थी लेकिन आय से अधिक संपत्ति के मामले के चलते वह जेल से बाहर नहीं आ सके थे। ऐसे में उन्होंने आय से अधिक संपत्ति के मामले में नियमित जमानत देने की मांग की थी। हाईकोर्ट ने 25 सितंबर को उन्हें अंतरिम जमानत देते हुए उनकी याचिका पर पंजाब सरकार व अन्य को नोटिस जारी करते हुए जवाब दाखिल करने का आदेश दिया था। शुक्रवार को उनकी जमानत पर फैसला सुनाते हुए हाईकोर्ट ने इसे मंजूर कर लिया है।