पंजाब की आम आदमी पार्टी सरकार ने सूबे में कीटनाशकों और उर्वरकों के लिए नए लाइसेंस जारी करने पर पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया है। लाइसेंस लेने के इच्छुक कारोबारी इस नए फैसले से परेशान हैं। आप सरकार राज्य में नकली और घटिया कृषि उत्पादों की बिक्री पर लगाम लगाने के लिए नए कदम उठा रही है। साथ ही घातक कीटनाशकों से फसलें दूषित होने पर लोगों की सेहत पर बुरा असर पड़ रहा है।
कृषि एवं किसान कल्याण विभाग ने इसको देखते हुए सभी कृषि अधिकारियों को पत्र जारी कर निर्देश दिए हैं कि जिला स्तर पर उर्वरकों, कीटनाशकों और बीजों के लिए कोई नया लाइसेंस जारी न किया जाए। पत्र में यह भी कहा गया है कि अगर कोई जरूरी स्थिति है तो नए लाइसेंस के लिए प्रधान कार्यालय से मंजूरी लेना जरूरी होगा।
संयुक्त निदेशक कृषि (पौधे संरक्षण) राज कुमार ने कहा कि राज्य के पास पहले से ही बहुत अधिक लाइसेंस हैं, जिसके कारण यह निर्णय लिया गया है। गौर हो कि पंजाब में वर्तमान में कीटनाशकों के लगभग 12,000 लाइसेंस हैं। इसके अलावा 375 राज्य स्तरीय एजेंसियों के पास भी कीटनाशकों की खरीद फरोख्त के लाइसेंस मौजूद हैं।